फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Assam National Register of Citizens draft list Political intimidation on refugees Infiltration

असम में 40 लाख अवैध नागरिक : घुसपैठ पर सियासी घमासान फिर तेज होने का अंदेशा

Tue, 31 Jul 2018 04:19 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, गुवाहटी
ब्यूरो, अमर उजाला, गुवाहटी Updated Tue, 31 Jul 2018 04:19 AM IST
विज्ञापन
Assam National Register of Citizens draft list Political intimidation on refugees Infiltration

बांग्लादेश घुसपैठ के लिए चार दशक से सुर्खियों में रहने वाले असम में इस मुद्दे पर फिर सियासत तेज होने का अंदेशा है। इस बार एनआरसी के अंतिम मसौदे में 40 लाख से ज्यादा लोगों का नाम शामिल नहीं होना वजह बनेगा। इनमें ज्यादातर अल्पसंख्यक ही हैं। कांग्रेस ने इसे भाजपा का सियासी कदम करार दिया है तो अल्पसंख्यक संगठनों ने इसे मुस्लिमों के खिलाफ साजिश करार दिया है। 

विज्ञापन


पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी एनआरसी को अपडेट करने की कवायद को राज्य से बांग्लाभाषियों को खदेड़ने की साजिश करार दे चुकी हैं। असम प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष रिपन बोरा ने कहा कि मसौदे में 40 लाख से ज्यादा लोगों के नाम नहीं होना आश्चर्यजनक है। इसमें काफी अनियमितताएं हैं। पार्टी यह मुद्दा सरकार और संसद के समक्ष उठाएगी। 
विज्ञापन


एक अल्पसंख्यक संगठन के नेता शेख अब्दुल कहते हैं कि इतने लंबे समय से असम में रहने वाले 40 लाख से ज्यादा लोगों को सरकार ने एनआरसी के नाम पर अवैध अप्रवासी करार दे दिया। इससे उनका भविष्य खतरे में पड़ गया है। यह साजिश नहीं तो क्या है? राजनीतिक पर्यवेक्षकों का कहना है कि असम में एक बार फिर इस मुद्दे पर सियासी घमासान तेज होने का अंदेशा है। इससे निपटना सोनोवाल सरकार के लिए आसान नहीं होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

सोनोवाल ने सर्वदलीय बैठक में की सूबे के हालात की समीक्षा

असम के मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने सर्वदलीय बैठक में एनआरसी मसौदा जारी होने के बाद राज्य में उपजी राजनीतिक परिस्थिति की समीक्षा की। इसके बाद उन्होंने कहा कि एनआरसी असमिया समाज की पहचान बनाने का सबसे बड़ा हथियार है। किसी भी व्यक्ति को बेवजह परेशान नहीं किया जाएगा। 


लोग अगले महीने से अपनी आपत्तियां और दावे जमा कर सकते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि असम समझौते के प्रावधानों को लागू करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर एनआरसी की कवायद चलाई गई है। इससे आतंकित होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने लोगों से शांति और सद्भाव बनाए रखने की अपील की है। सरकार इस मुद्दे पर सोशल मीडिया के जरिये अफवाह फैलाने वालों और कुप्रचार करने वालों से सख्ती से निपटेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed