{"_id":"614dbdd58ebc3efacd4ed042","slug":"assam-cm-himanta-biswa-sarma-says-eviction-drive-will-continue-even-after-violence-in-sipajhar-news-in-hindi","type":"story","status":"publish","title_hn":"असम: मुख्यमंत्री सरमा की दो टूक, हिंसा के बाद भी सिपझार में जारी रहेगा अतिक्रमण हटाओ अभियान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
असम: मुख्यमंत्री सरमा की दो टूक, हिंसा के बाद भी सिपझार में जारी रहेगा अतिक्रमण हटाओ अभियान
Fri, 24 Sep 2021 05:30 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुवाहाटी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुवाहाटी
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Fri, 24 Sep 2021 05:30 PM IST
सार
असम सरकार इस समय अतिक्रमण हटाने का अभियान संचालित कर रही है। गुरुवार को ऐसे ही एक अभियान के दौरान सिपझार में हिंसा भड़क गई थी। इस दौरान दो लोगों की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हो गए थे।
विज्ञापन
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा
- फोटो : twitter.com/himantabiswa
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
असम के दर्रांग जिले में स्थित सिपझार में गुरुवार को हुई अतिक्रमण हटाने के दौरान हुई हिंसा को लेकर राज्य के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस घटना में 11 से अधिक लोग घायल हुए हैं। सरमा ने कहा कि हमने इस मामले में न्यायिक जांच का आदेश दिया है।
विज्ञापन
वहीं, इस सवाल पर कि क्या सिपाझार में अतिक्रमण हटाने का अभियान अब भी जारी रहेगा, सरमा ने कहा कि हमें इसे जारी रखना होगा। हम बिना आधार के 30-40 एकड़ जमीन आवंटित नहीं कर सकते, बाकी लोग कहां जाएंगे? लेकिन हां, इसे लेकर मैं उनके साथ एक बार फिर बातचीत करूंगा। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि लोगों को एक स्थान से हटाने के काम में पुलिस को शामिल करना महत्वपूर्ण नहीं है, बातचीत से भी मदद मिलती है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि इस अभियान के लिए चार महीने से विचार-विमर्श किया जा रहा था। इसे लेकर कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुझसे मुलाकात की थी और ऐसे लोगों को भूमि आवंटित करने को लेकर सहमति जताई थी जिनके पास कोई जमीन नहीं है। 27 हजार एकड़ जमीन का हमें उत्पादक उपयोग करना है। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि वहां पर एक मंदिर था लेकिन उस पर भी अतिक्रमण कर लिया गया था।
विज्ञापन
इसके अलावा इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस वीडियो में एक कैमरामैन इस दौरान मारे गए एक व्यक्ति के शव को उछल-उछल कर लात मारता दिख रहा है। इसे लेकर मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि हम इसकी जांच करेंगे कि कैमरामैन घटनास्थल पर कैसे पहुंचा और क्यों उसने एक निश्चित व्यक्ति पर हावी करने की कोशिश क्यों की। बता दें कि उक्त कैमरामैन को गिरफ्तार कर लिया गया है।
सरमा ने कहा कि आप एक वीडियो से सरकार को बदनाम नहीं कर सकते। 1983 के बाद से यह इलाका हत्याओं के लिए कुख्यात है... अन्यथा, सामान्यत: लोग मंदिर की जमीन पर अतिक्रमण नहीं करते। मैंने हर ओर अतिक्रमण देखा है। शांतिपूर्ण अतिक्रमण हटाओ अभियान पर सहमति बनी थी, लेकिन किसने उकसाया? उन्होंने कहा कि यह अभियान तात्कालिक आवश्यकता है। यह केवल एक रात के अंदर नहीं किया गया है।