भाजपा-कांग्रेस पर ओवैसी का हमला- क्या इसलिए दिया था स्वतंत्रता सेनानियों ने बलिदान?
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एआईएमआईएम के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी ने कांग्रेस-भाजपा पर एक साथ हमला बोलते हुए कहा कि दोनों ही पार्टियां जातीय ध्रुवीकरण करने की कोशिश कर रही हैं। ओवैसी ने हैदराबाद के उस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भीमराव अंबेडकर का भी जिक्र किया।
कांग्रेस-भाजपा पर ओवैसी का तंज- मैं ही सांप्रदायिक, बाकी सब सेक्युलर और राष्ट्रवादी
ओवैसी ने कहा कि क्या अंबेडकर ने हमें यही रास्ता दिखाया था, कि कोई कहे कि वह 'जनेऊ धारी हिंदू' है और कोई बोले कि वह हिंदू होने के साथ ओबीसी भी है, या कोई बोले कि वह जैन होने के साथ-साथ हिंदू भी है। क्या स्वतंत्रता सैनानियों ने इसलिए ही अपनी कुर्बानी दी थी?
ओवैसी ने बीजेपी-कांग्रेस से सवाल पूछते हुए कहा कि दोनों दलित और आदिवासियों में क्या संदेश देना चाहती हैं? कि दोनों कमतर हैं या ये लोग अपने आपको महान बताना चाहते हैं?
मोदी सरकार के नारे 'सबका साथ सबका विकास' और दोनों पार्टियों द्वारा की जाने वाली धर्मनिरपेक्षता की बात को भी ओवैसी ने झूठा बताया और कहा कि यह सब सहन नहीं किया जाएगा।
क्या है मामला?
ओवैसी का यह बयान उस विवाद के बाद आया जिसमें राहुल गांधी को 'गैर हिंदू' कहा जा रहा था। दरअसल, कल राहुल गांधी सोमनाथ मंदिर के दर्शन करने गए थे। वहां एक रजिस्टर है जिसमें आने वाले गैर हिंदू धर्म के लोगों को एंट्री करनी होती है, वहीं जो हिंदू हैं उन्हें साइन नहीं करना होता, वह बिना एंट्री के मंदिर में जा सकते हैं। बावजूद इसके रजिस्टर में राहुल गांधी का नाम लिखा गया था। अबतक यह तो साफ नहीं है कि नाम राहुल ने खुद लिखा था या फिर किसी और ने, लेकिन विवाद गहरा गया।
बाद में कांग्रेस ने इसपर सफाई भी दी कि राहुल हिंदू ही नहीं बल्कि जनेऊ धारी हिंदू हैं। ऐसे में ओवैसी ने उस वक्त को याद किया जब-जब बीजेपी और कांग्रेस ने उनपर सांप्रदायिक होने का आरोप लगाया और कहा कि वह सिर्फ मुसलमानों के हितों की बात करते हैं।