Tatra Truck Scam : पूर्व रक्षा मंत्री एंटनी की हुई गवाही, सीबीआई ने दर्ज किया है टाट्रा ट्रक करार मामला
वीके सिंह की शिकायत पर दो साल जांच के बाद सीबीआई ने आरोपपत्र दाखिल किया था। इसके मुताबिक 22 सितंबर 2010 को तेजिंदर सिंह ने सेनाध्यक्ष वीके सिंह से मिलकर टाटा ट्रकों की खरीद को हरी झंडी देने के लिए 14 करोड़ रुपये की रिश्वत की पेशकश की थी।
विस्तार
पूर्व रक्षा मंत्री व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एके एंटनी आज दिल्ली की राउज एवेन्यु कोर्ट में पेश हुए। उन्होंने टाट्रा ट्रक घोटाला मामले में अपनी गवाही दी। यह मामला 2010 का है, तब एंटनी रक्षा मंत्री थे। तत्कालीन सेनाध्यक्ष जनरल वीके सिंह ने सेना के लिए टाट्रा ट्रक की खरीद में रिश्वत के आरोप लगाए थे।
सीबीआई ने टाट्रा ट्रक घोटाले को लेकर केस दर्ज किया था। इसी मामले में आज राउज एवेन्यू कोर्ट ने एंटनी का कूट परीक्षण किया। सीबीआई ने आरोपों के आधार पर रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल तेजिंदर सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक कानून की धारा 12 के तहत आरोप पत्र दाखिल किया था। वीके सिंह ने रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल तेजिंदर सिंह पर रिश्वत की पेशकश का आरोप लगाया था। मामले में पूर्व रक्षामंत्री एके एंटनी के अलावा शिकायतकर्ता जनरल वीके सिंह को भी बुलाया जा सकता है।
वीके सिंह को 14 करोड़ देने की पेशकश की थी
वीके सिंह की शिकायत पर दो साल जांच के बाद सीबीआई ने आरोपपत्र दाखिल किया था। इसके मुताबिक 22 सितंबर 2010 को तेजिंदर सिंह ने सेनाध्यक्ष वीके सिंह से मिलकर टाटा ट्रकों की खरीद को हरी झंडी देने के लिए 14 करोड़ रुपये की रिश्वत की पेशकश की थी। वीके सिंह के मुताबिक तत्काल इसकी पूरी जानकारी तत्कालीन रक्षा मंत्री एके एंटनी को दी गई थी। मामले में तेजिंदर सिंह को गिरफ्तार किया गया था।
Former Defence Minister AK Antony was cross-examined before Delhi's Rouse Avenue Court today in connection with the CBI's case concerning the Tatra truck deal.
(File photo) pic.twitter.com/vaEu2dWjDI — ANI (@ANI) September 28, 2022