{"_id":"5c802831bdec221473373272","slug":"air-india-needs-to-pay-12-thousand-crores","type":"story","status":"publish","title_hn":"एयर इंडिया को कर्ज चुकाने के लिए चाहिए 12 हजार करोड़, बढ़ सकता है संकट","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
एयर इंडिया को कर्ज चुकाने के लिए चाहिए 12 हजार करोड़, बढ़ सकता है संकट
Thu, 07 Mar 2019 01:36 AM IST
Avdhesh Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Thu, 07 Mar 2019 01:36 AM IST
विज्ञापन
air india
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारी कर्ज तले दबी सरकारी विमानन कंपनी एयर इंडिया की चुनौतियां अगले वित्त वर्ष में और बढ़ने वाली हैं। उसे कर्ज चुकाने के लिए अनिवार्य रूप से 12 हजार करोड़ रुपये की आवश्यकता होगी। इसमें से आठ हजार करोड़ रुपये एयरक्राफ्ट खरीदने को लिए गए लोन पर चुकाने होंगे।
मामले से जुड़े सूत्रों का कहना है कि सरकार ने पिछले साल 55 हजार करोड़ रुपये के कर्ज के बोझ को कम करने के लिए इसकी आधी रकम को स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) में डाल दिया था। इससे कंपनी पर हर साल बढ़ने वाला 4,500 करोड़ रुपये का ब्याज भी कम हो गया और उसे कर्ज की बढ़ती रकम से राहत मिली। इसके बावजूद वित्त वर्ष 2019-20 में इस सरकारी विमानन कंपनी को कर्ज चुकाने के लिए 12 हजार करोड़ चाहिए होंगे। इसमें से 4 हजार करोड़ रुपये संचालन और कार्यबल पर खर्च को लिए गए लोन के रूप में चुकाने होंगे, जबकि शेष से विमान खरीद का बकाया भुगतान करना है।
23 विमानों को इंजन का इंतजार
इससे इतर भी कंपनी को तात्कालिक रूप से कुछ फंड की जरूरत है, जिससे वह इंजन के इंतजार में खड़े 23 एयरक्राफ्ट का संचालन शुरू कर सके। इसके लिए सरकार ने भी कुछ बॉन्ड इश्यू कर एयर इंडिया के लिए फंड जुटाने की कवायद शुरू की है, ताकि इंजन की बाट जोह रहे विमानों का संचालन शुरू कर आमदनी बढ़ाई जा सके। कंपनी के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने कहा कि एक बार ये विमान इंजन से लैस हो जाएं तो इनके लाभकारी इस्तेमाल के बारे में रणनीति बनाई जाएगी।
विज्ञापन
दो साल बाद होगा मुनाफा
सूत्रों का कहना है कि एयर इंडिया 2021 से मुनाफे का संचालन करने लगेगी। मामले से जुड़े एक अधिकारी ने कहा कि अगले साल बड़ा कर्ज चुकाने के लिए सरकार से मदद की जरूरत होगी। वित्त वर्ष 2020-21 से कंपनी का सालाना कर्ज ब्याज 1,500-2,000 करोड़ के दायरे में आ जाएगा, जो प्रबंधन योग्य होगा और उसके बाद मुनाफे की तरफ बढ़ा जाएगा।
नए रूट पर उड़ानों का विस्तार
लोहानी ने कहा कि एयर इंडिया का मुनाफा बढ़ाने के लिए नए रूट पर उड़ानों का विस्तार करने की योजना है। अगली सर्दियों से लॉस एंजिलिस पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, क्योंकि इस रूट पर दिल्ली-सैन फ्रांसिस्को इकलौती उड़ान है। यह सप्ताह में 9 बार उड़ान भरती है फिर भी बड़ी संख्या में यात्री छूट जाते हैं।
विज्ञापन
मामले से जुड़े सूत्रों का कहना है कि सरकार ने पिछले साल 55 हजार करोड़ रुपये के कर्ज के बोझ को कम करने के लिए इसकी आधी रकम को स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) में डाल दिया था। इससे कंपनी पर हर साल बढ़ने वाला 4,500 करोड़ रुपये का ब्याज भी कम हो गया और उसे कर्ज की बढ़ती रकम से राहत मिली। इसके बावजूद वित्त वर्ष 2019-20 में इस सरकारी विमानन कंपनी को कर्ज चुकाने के लिए 12 हजार करोड़ चाहिए होंगे। इसमें से 4 हजार करोड़ रुपये संचालन और कार्यबल पर खर्च को लिए गए लोन के रूप में चुकाने होंगे, जबकि शेष से विमान खरीद का बकाया भुगतान करना है।
विज्ञापन
23 विमानों को इंजन का इंतजार
इससे इतर भी कंपनी को तात्कालिक रूप से कुछ फंड की जरूरत है, जिससे वह इंजन के इंतजार में खड़े 23 एयरक्राफ्ट का संचालन शुरू कर सके। इसके लिए सरकार ने भी कुछ बॉन्ड इश्यू कर एयर इंडिया के लिए फंड जुटाने की कवायद शुरू की है, ताकि इंजन की बाट जोह रहे विमानों का संचालन शुरू कर आमदनी बढ़ाई जा सके। कंपनी के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने कहा कि एक बार ये विमान इंजन से लैस हो जाएं तो इनके लाभकारी इस्तेमाल के बारे में रणनीति बनाई जाएगी।
विज्ञापन
दो साल बाद होगा मुनाफा
सूत्रों का कहना है कि एयर इंडिया 2021 से मुनाफे का संचालन करने लगेगी। मामले से जुड़े एक अधिकारी ने कहा कि अगले साल बड़ा कर्ज चुकाने के लिए सरकार से मदद की जरूरत होगी। वित्त वर्ष 2020-21 से कंपनी का सालाना कर्ज ब्याज 1,500-2,000 करोड़ के दायरे में आ जाएगा, जो प्रबंधन योग्य होगा और उसके बाद मुनाफे की तरफ बढ़ा जाएगा।
नए रूट पर उड़ानों का विस्तार
लोहानी ने कहा कि एयर इंडिया का मुनाफा बढ़ाने के लिए नए रूट पर उड़ानों का विस्तार करने की योजना है। अगली सर्दियों से लॉस एंजिलिस पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, क्योंकि इस रूट पर दिल्ली-सैन फ्रांसिस्को इकलौती उड़ान है। यह सप्ताह में 9 बार उड़ान भरती है फिर भी बड़ी संख्या में यात्री छूट जाते हैं।