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अगस्ता वेस्टलैंड: मनी लांड्रिंग मामले में बिचौलिए सुशेण मोहन गुप्ता को मिली सशर्त जमानत
Sat, 01 Jun 2019 02:30 PM IST
Sneha Baluni
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Sneha Baluni
Updated Sat, 01 Jun 2019 02:30 PM IST
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सुषेण मोहन गुप्ता (फाइल फोटो)
- फोटो : twitter
दिल्ली की एक विशेष अदालत ने अगस्ता वेस्टलैंड मनी लांड्रिंग मामले के कथित बिचौलिए सुशेण मोहन गुप्ता को जमानत दे दी है। उन्हें पांच-पांच लाख के दो बॉन्ड भरने होंगे। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) सुशेण मोहन गुप्ता के खिलाफ राउस एवेन्यू की विशेष अदालत में पूरक आरोपपत्र दाखिल कर चुकी है।
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Delhi: Special Court grants bail to Sushen Mohan Gupta, alleged middleman in AgustaWestland money laundering case. He has to furnish two surety bonds of Rupees 5 Lakh. pic.twitter.com/lGnJQ84Gpe
— ANI (@ANI) June 1, 2019
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गुप्ता ने 22 मई को अदालत में जमानत याचिका दाखिल की थी। इसके बारे में अदालत ने ईडी से जवाब मांगा था। इससे पहले 20 अप्रैल को अदालत ने गुप्ता की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। उनके खिलाफ 22 अप्रैल को पेशी वारंट जारी किया गया था। विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार ने गुप्ता को राहत देने से इनकार कर दिया था।
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गुप्ता को ईडी ने धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत गिरफ्तार किया था। गुप्ता ने इस आधार पर राहत मांगी थी कि जांच एजेंसी अपनी जांच पूरी कर चुकी है और इस मामले में आरोपपत्र दाखिल हो चुका है। शनिवार 20 अप्रैल को दिल्ली की एक अदालत ने गुप्ता के खिलाफ 22 अप्रैल के लिए पेशी वारंट जारी किया था।
विशेष सीबीआई न्यायाधीश अरविंद कुमार ने तिहाड़ जेल अधिकारियों द्वारा उसे अदालत में पेश नहीं किए जा सकने के बाद यह पेशी वारंट जारी किया था। गुप्ता फिलहाल तिहाड़ जेल में बंद हैं। ईडी ने कहा था कि राजीव सक्सेना द्वारा किए गए खुलासे के आधार पर मामले में गुप्ता की कथित भूमिका सामने आई थी। सक्सेना इस मामले में सरकारी गवाह बन गया है। उसे यूएई (संयुक्त अरब अमीरात) से यहां प्रत्यर्पित कराकर लाया गया था और एजेंसी ने यहां उसे गिरफ्तार कर लिया था।