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भाजपा केवल सड़कों पर किए जाने वाले प्रदर्शनों की भाषा समझती है: अधीर रंजन चौधरी
Sat, 05 Dec 2020 03:32 PM IST
Tanuja Yadav
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Tanuja Yadav
Updated Sat, 05 Dec 2020 03:32 PM IST
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Adhir Ranjan Chowdhury
- फोटो : ANI
नए कृषि कानूनों पर किसानों की केंद्रीय मंत्रियों के साथ होने वाली बैठक से पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि भाजपा नीत केंद्र सरकार केवल सड़कों पर किए जाने वाले प्रदर्शनों की भाषा समझती है।
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उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने इन कानूनों पर संसद की स्थायी समिति के जरिए कहीं अधिक परामर्श और विचार करने की मांग की थी, लेकिन यह अनुरोध अस्वीकार कर दिया गया और जब कांग्रेस सांसदों ने संसद में इसका विरोध किया तो उन्हें सदन से निलंबित कर दिया गया।
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लोकसभा में कांग्रेस के नेता चौधरी ने सिलसिलेवार ट्वीट में कहा कि कांग्रेस ने जब किसान विरोधी विधेयकों का विरेाध किया, तब सत्तारूढ़ पार्टी ने हम पर किसानों के हितों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया था और यहां तक कि हमारे सदस्यों (सांसदों) को संसद में उस वक्त निलंबित कर दिया गया जब विधेयकों को पारित कराए जाने से पहले उन पर मतविभाजन की मांग की गई।
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उन्होंने कहा कि अब यही सरकार बहुत ही बेमन से किसानों की मांगों के आगे झुकने को मजबूर हो गई है। सूत्रों ने बताया कि नए कृषि कानूनों पर पांचवें दौर की वार्ता के लिए शनिवार को किसानों के केंद्रीय मंत्रियों से मिलने का कार्यक्रम है।
उन्होंने कहा कि सरकार और किसान संगठनों के बीच पांचवें दौर की अहम बातचीत से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सहित कई केंद्रीय मंत्रियों ने प्रदर्शनकारी समूहों के समक्ष दिए जाने वाले संभावित प्रस्ताव पर विचार-विमर्श के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की है।
सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री के साथ बैठक में कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर और रेल मंत्री पीयूष गोयल भी मौजूद थे। बता दें कि नए कृषि कानूनों को लेकर जारी गतिरोध को खत्म करने के लिए बृहस्पतिवार को किसान संगठनों और सरकार के बीच हुई चौथे दौर की वार्ता बेनतीजा रही थी।