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500 और 1000 के नोटों में आतंकियों को होती थी फंडिंग
पुरुषोत्तम वर्मा/ नई दिल्ली
Updated Wed, 09 Nov 2016 07:29 AM IST
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 500 और 1000 रुपये के नोट बंद कर सबसे बड़ा हमला हवाला, आतंकवाद व ड्रग्स के काले कारोबार और नकली नोटों के सर्कुलेशन पर बोला है। दिल्ली पुलिस को भी इससे उम्मीद बनी है। इससे आतंकवाद, ड्रग्स के काले कारोबार और हवाला की कमर टूट जाएगी। हवाला व आतंकवाद पूरी तरह बंद हो जाएगा।
दिल्ली पुलिस की आतंक विरोधी सेल, स्पेशल सेल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस कदम को आतंकवाद, ड्रग्स व हवाला के काले कारोबार पर जबरदस्त व बड़ा हमला बता रही है। 500 और 1000 के नोट बंद होने से फिलहाल हवाला कारोबार एकदम बंद हो जाएगा। इससे आतंकवाद की कमर इस वजह से भी टूटेगी कि आतंकवादियों को ज्यादातर फंडिंग हवाला केजरिए होती है।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस समय ब्लैक मनी के रूप में 500 और 1000 के नोट बड़े संवाहक हैं। इन नोटों को एक-जगह से दूसरी जगह ले जाने में आसानी होती है। 500 व 1000 के नोट मुकाबले 100 के नोटों को एक जगह से दूसरी जगह ले जाना मुश्किल होता है। हवाला कारोबार में ज्यादातर 500 और 1000 रुपये के नोट चलते हैं।
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गौरतलब है कि कुछ वर्ष पहले लाजपत नगर इलाके में हवाला की करीब नौ करोड़ रुपये लूटे गए थे। बाद में आरोपी पकड़े गए थे और जो लूटी गई रकम बरामद की गई थी, उसमें ज्यादातर 500 और 1000 के नोट थे। पुलिस अधिकारी मानते हैं कि 500 व 1000 के नोट बंद होने से हवाला कारोबार फिलहाल बंद हो जाएगा। हालांकि ये माना जा रहा है कि 2000 रुपये का नोट बाजार में आने से हवाला का काला कारोबार फिर शुरू हो जाएगा।
स्पेशल सेल अधिकारियों के अनुसार आतंकियों को ज्यादातर फंडिंग हवाला के जरिए होती है। जब हवाला ही बंद हो जाएगा तो आतंकवाद की कमर अपने आप टूट जाएगी। यही हाल ड्रग्स के काले कारोबार का है। ड्रग्स के गोरखधंधे में भी हवाला के जरिए पैसे का लेन-देन होता है। दिल्ली पुलिस अधिकारी ये भी मानते हैं कि 500 व 1000 रुपये नोट बंद होने से नकली नोटों की सप्लाई बंद हो जाएगी।
अभी तक भारत में नकली नोटों जो खेप पकड़ी गई है उसमें ज्यादातर नकली नोट 500 और 1000 रुपये के थे। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने कुछ वर्ष पहले पाकिस्तान से आए दो करोड़ रुपये के नकली नोट पकड़े थे। ये सभी नकली नोट 500 और 1000 रुपये के नोटों में थे।
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दिल्ली पुलिस की आतंक विरोधी सेल, स्पेशल सेल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस कदम को आतंकवाद, ड्रग्स व हवाला के काले कारोबार पर जबरदस्त व बड़ा हमला बता रही है। 500 और 1000 के नोट बंद होने से फिलहाल हवाला कारोबार एकदम बंद हो जाएगा। इससे आतंकवाद की कमर इस वजह से भी टूटेगी कि आतंकवादियों को ज्यादातर फंडिंग हवाला केजरिए होती है।
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स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस समय ब्लैक मनी के रूप में 500 और 1000 के नोट बड़े संवाहक हैं। इन नोटों को एक-जगह से दूसरी जगह ले जाने में आसानी होती है। 500 व 1000 के नोट मुकाबले 100 के नोटों को एक जगह से दूसरी जगह ले जाना मुश्किल होता है। हवाला कारोबार में ज्यादातर 500 और 1000 रुपये के नोट चलते हैं।
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गौरतलब है कि कुछ वर्ष पहले लाजपत नगर इलाके में हवाला की करीब नौ करोड़ रुपये लूटे गए थे। बाद में आरोपी पकड़े गए थे और जो लूटी गई रकम बरामद की गई थी, उसमें ज्यादातर 500 और 1000 के नोट थे। पुलिस अधिकारी मानते हैं कि 500 व 1000 के नोट बंद होने से हवाला कारोबार फिलहाल बंद हो जाएगा। हालांकि ये माना जा रहा है कि 2000 रुपये का नोट बाजार में आने से हवाला का काला कारोबार फिर शुरू हो जाएगा।
स्पेशल सेल अधिकारियों के अनुसार आतंकियों को ज्यादातर फंडिंग हवाला के जरिए होती है। जब हवाला ही बंद हो जाएगा तो आतंकवाद की कमर अपने आप टूट जाएगी। यही हाल ड्रग्स के काले कारोबार का है। ड्रग्स के गोरखधंधे में भी हवाला के जरिए पैसे का लेन-देन होता है। दिल्ली पुलिस अधिकारी ये भी मानते हैं कि 500 व 1000 रुपये नोट बंद होने से नकली नोटों की सप्लाई बंद हो जाएगी।
अभी तक भारत में नकली नोटों जो खेप पकड़ी गई है उसमें ज्यादातर नकली नोट 500 और 1000 रुपये के थे। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने कुछ वर्ष पहले पाकिस्तान से आए दो करोड़ रुपये के नकली नोट पकड़े थे। ये सभी नकली नोट 500 और 1000 रुपये के नोटों में थे।