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नकल के लिए पॉकेट बुक्स का इस्तेमाल
ब्यूरो/अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Thu, 10 Mar 2016 05:18 PM IST
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बोर्ड की परीक्षा देती छात्राएं
- फोटो : Bureau
वार्षिक परीक्षाओं के चलते एकाएक पॉकेट बुक्स की मांग भी बढ़ गई है। इन दिनों स्कूली बच्चे इन किताबों की खूब खरीदारी कर रहे हैं।
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बाजार में हर विषय से संबंधित यह छोटी पुस्तक उपलब्ध है। इसमें विषय के सभी प्रश्नों के हल किए होते हैं। इस पुस्तक का अधिकतर इस्तेमाल छात्र-छात्राएं नकल के लिए कर रहे हैं। ऊना जिले के विभिन्न परीक्षा केंद्रों में अब तक विभिन्न उड़नदस्तों की टीमों ने 42 से अधिक परीक्षार्थियों को नकल करते पकड़ा है। इनमें से अधिकतर की जेब से भी यह छोटी पुस्तक भी बरामद की गई है। यह पॉकेट बुक दुकानों में 20 से लेकर 50 रुपये तक हिसाब से बिक रही हैं।
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बोर्ड परीक्षा में नकल करने के मामले में छात्राएं भी पीछे नहीं हैं। स्कूलों में विद्यार्थी नकल के विभिन्न प्रकार के तरीके अपना रहे हैं। स्कूल शिक्षा बोर्ड की वार्षिक परीक्षाओं में विद्यार्थी जमकर किताबें फाड़ रहे हैं। नकल रोकने के लिए स्कूल शिक्षा बोर्ड ने प्रशासन सहित शिक्षा विभाग और बोर्ड की अलग-अलग टीमें गठित की हैं, लेकिन नकल रोकने के लिए शिक्षा बोर्ड के प्रयास भी असफल साबित हो रहे हैं।
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जिले के अधिकांश परीक्षा केंद्रों के बाहर नकल करवाने वाले लोगों की भारी भीड़ देखने को मील रही है। उधर, एसडीएम ऊना पृथीपाल सिंह का कहना है कि परीक्षाओं में नकल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिन स्कूलों में नकल के मामले सामने आ रहे हैं, वहां तैनात परीक्षा अधीक्षकों से जवाब तलब किया जाएगा।