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क्या है 'राणा बाली' की कहानी? जानें किससे प्रेरित है विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की पीरियड ड्रामा फिल्म

Tue, 27 Jan 2026 09:58 PM IST
अंजू बाजपेई एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: अंजू बाजपेई Updated Tue, 27 Jan 2026 09:58 PM IST
सार

Ranabaali: विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना 'डियर कॉमरेड' फिल्म के बाद फिर से एक साथ नजर आएंगे। उनकी नई फिल्म का नाम 'राणा बाली' है। पहले इसे VD14 के नाम से जाना जाता था। जानिए किस पर आधारित है यह फिल्म?

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Ranabaali Real Story Know What Inspired Vijay Deverakonda ashmika Mandanna Period Drama film
राणा बाली - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना अभिनीत फिल्म 'राणा बाली' राहुल सांकृत्यान द्वारा निर्देशित एक ऐतिहासिक ड्रामा है। ब्रिटिश राज के दौर पर आधारित यह फिल्म दमन और विद्रोही पुरुषों की कहानी बयां करती है। कहा जाता है कि यह फिल्म रायलसीमा के इतिहास से प्रेरित है। आंध्र प्रदेश क्षेत्र की कहानी के बारे में और अधिक जानें।

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कौन निभाएगा किसका रोल
यह एक पीरियड ड्रामा फिल्म है, जो 19वीं सदी (1854 से 1878 के बीच) के समय पर आधारित है। फिल्म ब्रिटिश राज के दौर की पृष्ठभूमि पर बनी है।

  • विजय देवरकोंडा- मुख्य हीरो 'राणा बाली' के किरदार में हैं
  • रश्मिका मंदाना- जयम्मा का रोल निभा रही हैं
  • खलनायक का किरदार- हॉलीवुड अभिनेता अर्नोल्ड वोस्लू ने किया है, जो सर थियोडोर हेक्टर के रूप में दिखेंगे।
  •  

फिल्म का पहला टीजर (फर्स्ट लुक) जारी हो चुका है, जिसमें विजय को एक घोड़े पर सवार होकर ब्रिटिश अफसर को घसीटते हुए दिखाया गया है। यह फिल्म रायलसीमा (आंध्र प्रदेश का एक क्षेत्र) के इतिहास से प्रेरित है। टीजर में एक शापित भूमि का जिक्र भी दिखाया गया है। यह फिल्म 11 सितंबर 2026 को थिएटर में रिलीज होगी। 

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'राणा बाली' की कहानी क्या है?
यह फिल्म रायलसीमा के इतिहास को दिखाती है, जहां विजयनगर साम्राज्य के बाद अकाल, गरीबी, किसानों की मुश्किलें और जमींदारों-माफिया का दमन हुआ। इस क्षेत्र को अक्सर 'शापित भूमि' कहा जाता था, क्योंकि यहां पानी की कमी, खनिजों का शोषण, गुटबाजी और हिंसा बहुत ज्यादा थी। कडपा, कुरनूल जैसे जिलों में पारिवारिक झगड़े, भूमि विवाद और राजनीतिक हिंसा से हजारों मौतें हुईं। ब्रिटिश काल में सिंचाई और विकास के वादे पूरे नहीं हुए, जिससे संघर्ष बढ़ा। आज भी यह क्षेत्र पिछड़ा माना जाता है, लेकिन 2000 के बाद हिंसा में काफी कमी आई है। यह एक पैन-इंडिया फिल्म है, जिसमें एक्शन, इमोशन और ऐतिहासिक घटनाओं का मिश्रण होगा।

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