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Kamal Haasan: 'होंगे आप कमल हासन, पर भावनाओं को ठेस नहीं पहुंचा सकते', कन्नड़ विवाद पर हाईकोर्ट की फटकार
Tue, 03 Jun 2025 12:42 PM IST
हिमांशु सोनी
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: हिमांशु सोनी
Updated Tue, 03 Jun 2025 12:42 PM IST
सार
Kannada Row: साउथ एक्टर कमल हासन के कन्नड़ भाषा को लेकर दिए विवादित बयान को लेकर कर्नाटक हाईकोर्ट ने फटकार लगाई है।
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कमल हासन
- फोटो : इंस्टाग्राम- @ikamalhaasan
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विस्तार
कन्नड़ भाषा को लेकर विवादित टिप्पणी करने के सिलसिले में साउथ सुपरस्टार कमल हासन को कर्नाटक हाईकोर्ट से फटकार पड़ी है। कोर्ट ने कमल हासन को लेकर कहा है कि 'आप बेशक कमल हासन होंगे लेकिन आपको किसी की भावनाएं आहत करने का कोई हक नहीं है।'
क्या है पूरा मामला?
कमल हासन की अपकमिंग फिल्म ‘ठग लाइफ’ को लेकर कर्नाटक हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान बड़ा बवाल खड़ा हो गया है। दरअसल, अभिनेता द्वारा हाल ही में दिए गए एक विवादित बयान ने राज्य में जबरदस्त नाराजगी फैला दी है। अब इस मुद्दे पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने उनकी कड़ी आलोचना की है और उनकी भूमिका पर सवाल उठाए हैं। बता दें कमल हासन फिल्म के प्रमोशन के दौरान कह दिया था कि ‘कन्नड़ तमिल भाषा से ही पैदा हुई है’।
ये खबर भी पढ़ें: Sana Yousuf: जानें कौन हैं पाकिस्तान की 17 साल की सना यूसुफ, पाकिस्तान में घर में घुस कर मारी गई गोली
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हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी
सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति एम नागप्रसन्ना ने कमल हासन के बयान पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ‘कोई भी नागरिक जनभावनाओं को ठेस पहुंचाने का अधिकार नहीं रखता।’ उन्होंने आगे कहा कि ‘जल, भूमि और भाषा, ये तीनों हर नागरिक की पहचान से जुड़ी होती हैं। देश का विभाजन भी भाषायी आधार पर हुआ था।’ कोर्ट ने हासन के बयान को असंवेदनशील और विभाजनकारी बताया।
'आप इतिहासकार हैं या भाषाशास्त्री?'
न्यायमूर्ति ने सख्त लहजे में सवाल पूछा, ‘क्या आपके पास इस दावे का कोई ऐतिहासिक प्रमाण है? आपने ऐसा बयान देकर कर्नाटक की जनता की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। आखिर आपने किस आधार पर ये बात कही? क्या आप इतिहासकार हैं? या फिर भाषाविद्?” कोर्ट का कहना था कि अगर केवल एक माफीनामा आ जाता, तो मामला वहीं सुलझ जाता।
फिल्म रिलीज को लेकर याचिका
कमल हासन ने कर्नाटक में अपनी फिल्म 'ठग लाइफ' की रिलीज और स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने के लिए अदालत में याचिका दायर की थी। उनके वकील ने तर्क दिया कि हासन का बयान जानबूझकर नहीं था और उसका मकसद किसी की भावनाएं आहत करना नहीं था। लेकिन कोर्ट ने उनकी इस दलील को खारिज करते हुए कहा, ‘अगर आप माफी नहीं मांगते, तो फिर फिल्म कर्नाटक में क्यों रिलीज होनी चाहिए? क्या आप सिर्फ कमाई के लिए आए हैं? अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मतलब यह नहीं कि आप जनभावनाएं आहत करें।’
ये खबर भी पढ़ें: Pankaj Tripathi: दीपिका के बाद अब पंकज त्रिपाठी ने 8 घंटे शिफ्ट का किया समर्थन, बोले- बहुत हुआ 16-18 घंटे काम
राजनीतिक और सामाजिक हलकों में नाराजगी
कमल हासन के बयान को लेकर कर्नाटक में विरोध-प्रदर्शन तेज हो गए हैं। प्रोकन्नड़ संगठनों और राजनीतिक नेताओं ने इसे कन्नड़ भाषा और अस्मिता पर हमला बताया है। कई लोगों ने मांग की है कि जब तक कमल हासन सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगते, तब तक उनकी फिल्म राज्य में नहीं दिखाई जानी चाहिए।
मामले की अगली सुनवाई
बता दें इस मामले पर अब कर्नाटक हाईकोर्ट अगली सुनवाई 10 जून को रखी गई है। संभव है तब तक कर्नाटक में कमल हासन की फिल्म ठग लाइफ रिलीज नहीं होगी, जो 5 जून को सिनेमाघरों में दस्तक देने के लिए तैयार है।
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क्या है पूरा मामला?
कमल हासन की अपकमिंग फिल्म ‘ठग लाइफ’ को लेकर कर्नाटक हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान बड़ा बवाल खड़ा हो गया है। दरअसल, अभिनेता द्वारा हाल ही में दिए गए एक विवादित बयान ने राज्य में जबरदस्त नाराजगी फैला दी है। अब इस मुद्दे पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने उनकी कड़ी आलोचना की है और उनकी भूमिका पर सवाल उठाए हैं। बता दें कमल हासन फिल्म के प्रमोशन के दौरान कह दिया था कि ‘कन्नड़ तमिल भाषा से ही पैदा हुई है’।
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हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी
सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति एम नागप्रसन्ना ने कमल हासन के बयान पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ‘कोई भी नागरिक जनभावनाओं को ठेस पहुंचाने का अधिकार नहीं रखता।’ उन्होंने आगे कहा कि ‘जल, भूमि और भाषा, ये तीनों हर नागरिक की पहचान से जुड़ी होती हैं। देश का विभाजन भी भाषायी आधार पर हुआ था।’ कोर्ट ने हासन के बयान को असंवेदनशील और विभाजनकारी बताया।
'आप इतिहासकार हैं या भाषाशास्त्री?'
न्यायमूर्ति ने सख्त लहजे में सवाल पूछा, ‘क्या आपके पास इस दावे का कोई ऐतिहासिक प्रमाण है? आपने ऐसा बयान देकर कर्नाटक की जनता की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। आखिर आपने किस आधार पर ये बात कही? क्या आप इतिहासकार हैं? या फिर भाषाविद्?” कोर्ट का कहना था कि अगर केवल एक माफीनामा आ जाता, तो मामला वहीं सुलझ जाता।
फिल्म रिलीज को लेकर याचिका
कमल हासन ने कर्नाटक में अपनी फिल्म 'ठग लाइफ' की रिलीज और स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने के लिए अदालत में याचिका दायर की थी। उनके वकील ने तर्क दिया कि हासन का बयान जानबूझकर नहीं था और उसका मकसद किसी की भावनाएं आहत करना नहीं था। लेकिन कोर्ट ने उनकी इस दलील को खारिज करते हुए कहा, ‘अगर आप माफी नहीं मांगते, तो फिर फिल्म कर्नाटक में क्यों रिलीज होनी चाहिए? क्या आप सिर्फ कमाई के लिए आए हैं? अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मतलब यह नहीं कि आप जनभावनाएं आहत करें।’
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राजनीतिक और सामाजिक हलकों में नाराजगी
कमल हासन के बयान को लेकर कर्नाटक में विरोध-प्रदर्शन तेज हो गए हैं। प्रोकन्नड़ संगठनों और राजनीतिक नेताओं ने इसे कन्नड़ भाषा और अस्मिता पर हमला बताया है। कई लोगों ने मांग की है कि जब तक कमल हासन सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगते, तब तक उनकी फिल्म राज्य में नहीं दिखाई जानी चाहिए।
मामले की अगली सुनवाई
बता दें इस मामले पर अब कर्नाटक हाईकोर्ट अगली सुनवाई 10 जून को रखी गई है। संभव है तब तक कर्नाटक में कमल हासन की फिल्म ठग लाइफ रिलीज नहीं होगी, जो 5 जून को सिनेमाघरों में दस्तक देने के लिए तैयार है।