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सच बता देते तो सलमान को नहीं मिलती पहली फिल्म, सेट पर खुद लाते थे कपड़े, निर्देशक जेके बिहारी ने सुनाए किस्से
सार
JK Bihari Exclusive on Salman Khan: बॉलीवुड के ‘दबंग’ सलमान खान आज अपना 60वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर अमर उजाला ने सलमान की पहली फिल्म के निर्देशक जेके बिहारी से बात की। पढ़ें एक्टर से जुड़े किस्से…
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जेके बिहारी
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बॉलीवुड के भाईजान सलमान खान आज पूरे 60 साल के हो गए हैं। सलमान ने साल 1988 में फिल्म बीवी हो तो ऐसी से फिल्मी जगत में कदम रखा था। लेकिन क्या आप जानते हैं कि अगर एक सच बता देते तो सलमान के हाथ से उनकी पहली फिल्म ही निकल जाती। जी हां, दबंग खान को उनकी पहली फिल्म मिलने के पीछे का बेहद ही दिलचस्प किस्सा है। चलिए जानते हैं उनकी पहली फिल्म के निर्देशक जेके बिहारी से, कैसे सलमान को पहला ब्रेक मिला और फिर उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा।
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'पांच हजार में तीन फिल्मों के लिए साइन किया'
जेके बिहारी ने अमर उजाला से बात करते हुए कहा, 'फिल्म ‘बीवी हो तो ऐसी’ में रेखा, बिंदु और कादर खान के बीच एक बिल्कुल नए कलाकार थे सलमान खान। फिल्म में सलमान ने रेखा के देवर का रोल किया था। उनकी कास्टिंग भी कुछ यूं हुई कि एक दिन मैं अपने ऑफिस में बैठा था। तभी देखा कि एक लड़का हाथ में फाइल लिए सड़क पार करके सीधे मेरी ओर आ रहा है। उसकी चाल और बॉडी लैंग्वेज मुझे पसंद आई। मेरे पास आकर बोला- सर, मेरा नाम सलमान है। मैं फिल्म में काम करना चाहता हूं। बस बिना ऑडिशन मैंने उन्हें कास्ट कर लिया। तब तक तो मुझे यह भी नहीं पता था कि वो सलीम खान का बेटा है।'
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निर्देशक ने आगे बात करते हुए कहा, 'अगर वो उनका नाम लेता तो शायद मैं उसे कास्ट भी नहीं करता। इतने बड़े लेखक के बेटे से साइड रोल कभी नहीं करवाता। खैर, तब मैंने सलमान को तीन फिल्मों के लिए साइन किया। साइनिंग अमाउंट के नाम पर सिर्फ 5000 रुपए दिए गए। वह अपने कपड़े खुद लाता था...सीधा, मेहनती और बेहद विनम्र लड़का था।'
शूटिंग के शुरुआती दिन
निर्देशक ने आगे बात करते हुए कहा, "पहले दिन जब सलमान ने रेखा, कादर और बिंदु जैसे सीनियर कलाकारों के साथ सीन किया तो वो बहुत नर्वस था। मैं खुद भी नया निर्देशक था। कभी-कभी मुझे गुस्सा भी आता था, लेकिन वह कभी बुरा नहीं मानता था। रेखा जी ने उसे बहुत सपोर्ट किया, समझाया और गाइड किया। सेट पर वो मेहनती था। फिटनेस को लेकर सीरियस रहता था।'
राजश्री के लिए मैंने उसे आजाद कर दिया
जेके बिहारी ने आगे कहा, 'एक दिन पता चला कि सलमान, राजश्री प्रोडक्शंस में ट्रायल दे रहा है। मेरे पास उसका एक्सक्लूसिव कॉन्ट्रैक्ट था पर जब सूरज बड़जात्या ने तय किया कि ‘मैंने प्यार किया’ में उसे ही हीरो लेगा तो मैंने बिना एक पल सोचे सलमान को फ्री कर दिया। शायद उस दिन मैंने उसकी किस्मत खोल दी और अपनी बंद कर ली।'
करियर का उतार-चढ़ाव और वापसी
बता दें हर बड़े स्टार की तरह सलमान खान के करियर में भी एक ऐसा दौर आया, जब उनकी कुछ फिल्में नहीं चलीं। आलोचकों ने सवाल उठाए, बॉक्स ऑफिस पर निराशा मिली, लेकिन सलमान ने हार नहीं मानी। 2009 में आई ‘वांटेड’ ने उनके करियर को नई दिशा दी। इसके बाद ‘दबंग’ ने चुलबुल पांडे के रूप में ऐसा किरदार दिया, जो आज भी सलमान की पहचान माना जाता है। पुलिस की वर्दी, आंखों में शरारत और डायलॉग्स की मार- सबकुछ आइकॉनिक बन गया।