{"_id":"661fa4b185c7f9d0af045da8","slug":"up-lok-sabha-election-is-bjp-going-to-make-a-big-bet-on-rae-bareli-why-is-it-waiting-for-april-19-2024-04-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP Lok Sabha Chunav: रायबरेली पर क्या भाजपा लगाने वाली है बहुत बड़ा दांव, क्यों हो रहा है 19 अप्रैल का इंतजार?","category":{"title":"Election","title_hn":"चुनाव","slug":"election"}}
UP Lok Sabha Chunav: रायबरेली पर क्या भाजपा लगाने वाली है बहुत बड़ा दांव, क्यों हो रहा है 19 अप्रैल का इंतजार?
विज्ञापन
निरंतर एक्सेस के लिए सब्सक्राइब करें
सार
आगे पढ़ने के लिए लॉगिन या रजिस्टर करें
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ रजिस्टर्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ सब्सक्राइब्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
फ्री ई-पेपर
सभी विशेष आलेख
सीमित विज्ञापन
सब्सक्राइब करें
Lok Sabha Election 2024
- फोटो :
Amar Ujala
विस्तार
भाजपा की ओर से इस बार रायबरेली में बड़ा सियासी दांव लगाए जाने की योजना है। अभी तक रायबरेली में भाजपा के जितने नाम संभावित बताए जा रहे हैं, उनमें से संभव है किसी को टिकट न मिले। सूत्रों की मानें तो भाजपा के रणनीतिकार रायबरेली में उत्तर प्रदेश के अलावा भी किसी अन्य जगह के बड़े नेता को इस लोकसभा सीट पर सियासी मैदान में उतार सकते हैं। जानकारी के मुताबिक पिछले सप्ताह हुई भाजपा रणनीतिकारों की एक महत्वपूर्ण बैठक में इस पर चर्चा भी हुई है। दरअसल इस सीट पर कांग्रेस के प्रत्याशी की घोषणा होते ही भाजपा अपना उम्मीदवार उतार देगी।
अमेठी की तरह जीत दर्ज करना चाहती है भाजपा
भाजपा के रणनीतिकारों में शामिल एक वरिष्ठ नेता का मानना है कि रायबरेली में इस बार भाजपा ठीक उसी रणनीति से काम कर रही है, जिस पर पिछली बार अमेठी में चुनाव लड़ा गया था। उक्त वरिष्ठ नेता का मानना है कि भाजपा रायबरेली में न सिर्फ मजबूत प्रत्याशी उतारने की तैयारी में है, बल्कि इस सीट पर मजबूती से भाजपा चुनाव लड़ने के लिए सभी समीकरण भी सेट कर चुकी है।
पार्टी से जुड़े सूत्रों का कहना है अभी तक जितने भी संभावित नाम रायबरेली लोकसभा सीट के लिए चल रहे हैं संभव है कि उनमें से कोई भी टिकट न पाए। पार्टी के रणनीतिकार रायबरेली की लोकसभा सीट पर अमेठी की तरह जीत दर्ज करना चाहते हैं। इसलिए जरूरत पड़ने पर बड़े चेहरे को भी मैदान में उतारा जा सकता है।
भाजपा नहीं उतारेगी डमी कैंडिडेट या कमजोर प्रत्याशी
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता कहते हैं कि रायबरेली में चुनाव जीतने के सभी समीकरण ध्यान में रखे जा रहे हैं। इसमें स्थानीय प्रत्याशी के लिहाज से भी भाजपा अपनी तैयारी कर रही है, लेकिन जरूरत पड़ने पर भाजपा रायबरेली में अपनी पार्टी के किसी भी राज्य के बड़े नेता को चुनावी मैदान में उतार सकती है।
सूत्रों के मुताबिक, इस मुद्दे पर भी पार्टी के बड़े रणनीतिकारों ने पिछले सप्ताह ही एक महत्वपूर्ण बैठक में चर्चा भी की है। भाजपा के प्रमुख रणनीतिकारों का मानना है कि रायबरेली सीट पर भाजपा सबसे मजबूत प्रत्याशी उतारेगी। पिछले सप्ताह हुई महत्वपूर्ण बैठक में शामिल भाजपा के उक्त वरिष्ठ नेता कहते हैं कि रायबरेली सीट पर भाजपा डमी कैंडिडेट या कोई भी कमजोर प्रत्याशी नहीं उतारने जा रही है।
19 अप्रैल के बाद भाजपा, कांग्रेस कर सकती हैं प्रत्याशी का एलान
भाजपा से जुड़े सूत्रों का मानना है कि वैसे तो उनकी पार्टी ने रायबरेली में सभी तैयारियां कर ली हैं। फिर भी कांग्रेस का प्रत्याशी कौन होगा, यह तो देखा ही जाएगा। पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि जल्द ही भाजपा रायबरेली और कैसरगंज में अपने प्रत्याशी घोषित करेगी।
राजनीतिक जानकार जीडी शुक्ला कहते हैं कि अभी तक रायबरेली में भाजपा का कोई प्रत्याशी का घोषित न करना यह बताता है कि वह किस तरह से सियासी समीकरणों को आंक रहे हैं। शुक्ल कहते हैं कि कांग्रेस भी बहुत ही नपे-तुले सियासी नजरिए से रायबरेली और अमेठी की सीटों पर प्रत्याशियों के चयन की तैयारी कर रही है। ऐसे में इस बार उत्तर प्रदेश की गांधी परिवार की विरासत वाली इन दोनों सीटों पर मुकाबला तो निश्चित तौर पर रोचक होने वाला है। वह कहते हैं पूरा अनुमान है कि पहले चरण के मतदान 19 अप्रैल के बाद दोनों पार्टियों अपने प्रत्याशी घोषित कर देगी।