फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Education ›   Guwahati: USTM Chancellor and five teachers sent to judicial custody, accused of cheating in exam

Guwahati: यूएसटीएम चांसलर और पांच शिक्षकों को भेजा गया न्यायिक हिरासत में, परीक्षा में धोखाधड़ी के लगे आरोप

Sun, 23 Feb 2025 08:06 PM IST
शिवम गर्ग एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला Published by: शिवम गर्ग Updated Sun, 23 Feb 2025 08:06 PM IST
सार

USTM Guwahati: असम के पथकांडी में कक्षा 12वीं के सीबीएसई छात्रों को परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करने की अनुमति देने के आरोप के बाद यूएसटीएम के चांसलर महबाबुल हक और पांच शिक्षकों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

विज्ञापन
Guwahati: USTM Chancellor and five teachers sent to judicial custody, accused of cheating in exam
arrested, - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

USTM Guwahati: मेघालय के विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (USTM) के चांसलर महबाबुल हक को परीक्षा में नकल के लिए छात्रों को भरोसा दिलाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया और असम के श्रीभूमि जिले की स्थानीय अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया। हक, जो ERD फाउंडेशन का संचालन करते हैं और जिसमें कई शैक्षिक संस्थान शामिल हैं, शनिवार देर रात एक सुनवाई के बाद 14 दिनों के लिए न्यायिक हिरासत में भेजे गए।
विज्ञापन

पठारकांडी स्कूल के पांच शिक्षक भी गिरफ्तार  

महबाबुल हक के साथ पठारकांडी स्कूल के पांच शिक्षक भी गिरफ्तार किए गए। आरोप है कि इन शिक्षकों ने अन्य जिलों के छात्रों को सीबीएसई की कक्षा 12 की परीक्षा में उच्च अंक प्राप्त करने के लिए नकल के तरीकों का वादा किया था। शुक्रवार को आरोपों के बाद पुलिस ने इन शिक्षकों की गिरफ्तारी की।
विज्ञापन


पुलिस ने आरोपियों के लिए सात दिन की हिरासत मांगी थी, लेकिन अदालत ने आदेश दिया कि आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा जाए और यदि आवश्यक हो तो पुलिस उन्हें जेल में पूछताछ कर सकती है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

मुख्यमंत्री बोले- बड़े नेटवर्क का पता चला

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने हक की गिरफ्तारी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें एक "बड़े नेटवर्क" का पता था, जो छात्रों को नकल के जरिये उच्च अंक दिलाने का वादा करता था। सरमा ने यह भी कहा कि यह धोखाधड़ी केवल सीबीएसई परीक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि मेडिकल प्रवेश परीक्षाओं में भी हो रही है। 

उन्होंने आरोप लगाया कि महबाबुल हक एक "बड़ा धोखेबाज" हैं और उनका पूरा बैकग्राउंड धोखाधड़ी से भरा हुआ है। सरमा ने यह भी कहा कि हक ने 1990 के दशक में श्रीभूमि जिले में "धोखाधड़ी" से ओबीसी प्रमाणपत्र प्राप्त किया था, जिसे बाद में रद्द कर दिया गया।


पिछले साल, महबाबुल हक ओबीसी प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए एक विवाद में फंसे थे, जिसे बाद में धोखाधड़ी मानते हुए रद्द कर दिया गया था। मुख्यमंत्री सरमा ने यह भी आरोप लगाया था कि हक और USTM ने गुवाहाटी में बाढ़ को लेकर "बाढ़ जिहाद" की योजना बनाई थी, जहां विश्वविद्यालय परिसर से बहने वाला पानी शहर में भारी बाढ़ का कारण बनता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed