अनोखे तरीके से प्रजनन दर कम करेगा ये राज्य, मुख्यमंत्री ने निकाला रास्ता
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जनसंख्या नियंत्रण और प्रजनन दर कम करने के लिए देशभर में अलग-अलग कवायद हो रही है। हाल में असम ने दो से ज्यादा बच्चे होने पर सरकारी नौकरी न मिलने का प्रावधान बनाया, तो अब बिहार में दूसरा अनोखा तरीका ढूंढा गया है। यहां हम आपको खबर बता रहे हैं बिहार की। यहां की सरकार ने राज्य की सभी पंचायतों में उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खोले जाने की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री ने क्या कहा?
इस संबंध में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का कहना है कि 'हमने अगले साल अप्रैल तक राज्य की सभी पंचायतों में एक उच्चतर माध्यमिक स्कूल (Higher Secondary School) खोलने का फैसला किया है। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि प्रजनन दर कम हो सके। हमने एक अध्ययन में पाया है कि अगर लड़कियां इंटर पास हैं तो देश का प्रजनन दर 1.7 है, जबकि बिहार का 1.6 है।'
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ये बातें बिहार सरकार द्वारा जारी की गई एक आधिकारिक विज्ञप्ति में कही गई। सरकार ने ये विज्ञप्ति सोमवार, 11 नवंबर 2019 को राष्ट्रीय शिक्षा दिवस के मौके पर जारी की है।
इसमें बताया गया कि 'नीतीश कुमार ने कहा है कि 2005 में जब वह सत्ता में आए, तो राज्य में प्रजनन दर 4.3 था। जो अब घटकर 3.3 पर आ गया है। वहीं, स्कूल न जाने वाले बच्चों का प्रतिशत 12.5 से घटकर एक फीसदी पर आ गया है। यह सब इसलिए संभव हो सका है क्योंकि सरकार ने नए स्कूल खोलने, नई कक्षाएं बनाने और शिक्षकों की भर्तियों पर खास ध्यान दिया है।'
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