{"_id":"e2a07974-5fb4-11e2-93f9-d4ae52bc57c2","slug":"bharat-sevashram-sangh","type":"story","status":"publish","title_hn":"भारत सेवाश्रम संघ का भव्य पंडाल","category":{"title":"Dropped","title_hn":"Dropped","slug":"dropped"}}
भारत सेवाश्रम संघ का भव्य पंडाल
source name
Updated Wed, 16 Jan 2013 01:45 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महाकुंभ नगरी में भव्य पंडाल के साथ भव्य प्रवेश द्वार बनाए गए हैं।
विज्ञापन
लाखों रुपये की लागत से तैयार देवी, देवताओं की प्रतिमाओं से सजे ये भव्य
द्वार इन दिनों श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
मेला क्षेत्र में प्रवेश करते ही सेक्टर चार मोरी मार्ग पर भारत सेवाश्रम संघ का भव्य पंडाल है। इसका प्रवेश द्वार श्रद्धालुओं और पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। तकरीबन 50 फीट के इस प्रवेश द्वार में सबसे ऊपर समुद्रमंथन करते देवों और असुरों की प्रतिमाएं बनाई गई हैं।
इसके नीचे द्वार के दोनों ओर चार-चार देवताओं की प्रतिमाएं लगी हैं। द्वार के खंभों पर भगवान गणेश, भगवान राम, हनुमान की भी प्रतिमाएं स्थापित हैं। शिविर में प्रदर्शनी लगाई गई है, जिसमें रामायण और महाभारत से जुड़े पात्रों की प्रतिमाओं के साथ युद्ध आदि का दृश्य तैयार किया गया है।
शिविर संचालक स्वामी भास्करानंद के मुताबिक पिछले 75 वर्ष से शिविर लग रहा है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए प्रदर्शनी सुबह छह से रात दस बजे खुली रहती है।
मेला क्षेत्र में प्रवेश करते ही सेक्टर चार मोरी मार्ग पर भारत सेवाश्रम संघ का भव्य पंडाल है। इसका प्रवेश द्वार श्रद्धालुओं और पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। तकरीबन 50 फीट के इस प्रवेश द्वार में सबसे ऊपर समुद्रमंथन करते देवों और असुरों की प्रतिमाएं बनाई गई हैं।
इसके नीचे द्वार के दोनों ओर चार-चार देवताओं की प्रतिमाएं लगी हैं। द्वार के खंभों पर भगवान गणेश, भगवान राम, हनुमान की भी प्रतिमाएं स्थापित हैं। शिविर में प्रदर्शनी लगाई गई है, जिसमें रामायण और महाभारत से जुड़े पात्रों की प्रतिमाओं के साथ युद्ध आदि का दृश्य तैयार किया गया है।
शिविर संचालक स्वामी भास्करानंद के मुताबिक पिछले 75 वर्ष से शिविर लग रहा है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए प्रदर्शनी सुबह छह से रात दस बजे खुली रहती है।