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Delhi Schools: नेपाल के प्रतिनिधिमंडल ने किया दिल्ली के स्कूलों का दौरा, छात्रों और शिक्षकों से की बातचीत
Fri, 14 Oct 2022 04:32 AM IST
Jeet Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Fri, 14 Oct 2022 04:32 AM IST
सार
सिसोदिया ने कहा कि स्कूल के बुनियादी ढांचे में सुधार और नए पाठ्यक्रम शुरू कर हमारा उद्देश्य छात्रों को नए अवसर प्रदान करना और उन्हें एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में सीखने और बढ़ने में मदद करना है।
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दिल्ली के सरकारी स्कूल
- फोटो : ट्विटर
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विस्तार
राजधानी में नेपाल के लुंबिनी के तिलोत्तमा नगरपालिका से स्कूल प्रधानाचार्यों, उप प्रधानाचार्यों और शिक्षकों का एक 30 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल दिल्ली सरकार के स्कूलों के तीन दिवसीय दौरे पर है। दौरे के दूसरे दिन बृहस्पतिवार को उपमुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने प्रतिनिधिमंडल से बातचीत कर दिल्ली के सरकारी स्कूलों को देखने के लिए उनका स्वागत किया।
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दौरे के पहले दिन प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली सरकार के दो स्कूलों का दौरा कर छात्रों और शिक्षकों से बातचीत की। उन्होंने सरकार के माइंडसेट पाठ्यक्रमों की अवधारणा को समझने के लिए हैप्पीनेस करिकुलम, अंत्रप्रेन्योरशिप माइंडसेट करिकुलम और देशभक्ति करिकुलम की कक्षाओं में भाग लिया।
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प्रतिनिधि मंडल के साथ बातचीत करते हुए सिसोदिया ने कहा कि दिल्ली का शिक्षा मॉडल दिल्ली के लोगों के प्रयासों के कारण ही इतना शानदार बना है। दिल्ली की जनता ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर विश्वास दिखाया और इसी विश्वास के दम पर केजरीवाल ने सार्वजनिक शिक्षा क्षेत्र में क्रांति ला दी।
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सिसोदिया ने कहा कि स्कूल के बुनियादी ढांचे में सुधार और नए पाठ्यक्रम शुरू कर हमारा उद्देश्य छात्रों को नए अवसर प्रदान करना और उन्हें एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में सीखने और बढ़ने में मदद करना है। सरकार के इस लक्ष्य को उन शिक्षकों के प्रयासों से सफलतापूर्वक प्राप्त किया जा रहा है, जिन्हें सरकार द्वारा उनके पेशेवर विकास के लिए वैश्विक स्तर पर प्रशिक्षण दिया गया है।