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हादसों में घायलों के इलाज का खर्च उठाएगी सरकार : केजरीवाल

Tue, 08 Oct 2019 01:00 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 08 Oct 2019 01:00 AM IST
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government will give money in accident case
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली सरकार हादसों में घायल लोगों के इलाज का खर्च उठाएगी। मुख्यमंत्री ने सोमवार शाम दिल्ली सरकार के मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज में दिल्ली के फरिश्तों को सम्मानित किया गया। इस दौरान सीएम ने कहा कि डेढ़ साल पहले पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर इस योजना को लागू किया गया था। इस दौरान योजना में मिलीं खामियों को दूर कर इसे अब राजधानी में लागू कर दिया है। उन्होंने कहा कि राजनीति में आने से पहले वे समाज की सेवा करते थे। पहले छोटे स्तर पर काम का अवसर था। अब मुख्यमंत्री बनकर बड़े स्तर पर लोगों के सेवा का अवसर मिला है। इसी कारण घायलों के मुफ्त इलाज का निर्णय लिया। इस योजना में अब तक करीब तीन हजार लोगों की जान बची है। पहले लोगों को लगता था कि उनके टैक्स के पैसे की चोरी हो जाती है। लेकिन अब लोगों को संतोष है कि उनके टैक्स का पैसा उनके काम आ रहा है।
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उन्होंने कहा कि अब दिल्ली में ज्यादा से ज्यादा लोग फरिश्ते बनेंगे और घायलों को समय रहते अस्पताल पहुंचाएंगे। घायल के इलाज का सारा खर्च दिल्ली सरकार उठाएगी। सीएम ने ऑटो और टैक्सी चालकों से अपील कि है कि वे काफी समय सड़क पर रहते हैं, कोई भी घायल दिखे तो उसे जरूर अस्पताल पहुंचाएं और फरिश्ते बने। दुर्घटना होने के बाद पहला एक घंटा गोल्डन होता है। अगर उस दौरान इलाज मिल गया तो जान बचने की 80 फीसदी संभावना रहती है। उन्होंने कहा कि दिसंबर 2012 की वह रात जिसने पूरे देश को झकझोर दिया था। निर्भया घटना के बाद घायल सड़क पर पड़ी थी। अगर उसे समय से इलाज मिला होता तो जान बच सकती थी। ऐसे कई लोग हैं जिनकी समय पर इलाज न मिलने के कारण मौत हो जाती है।
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वहीं स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने अफसोस जताते हुए कहा कि अब भी 80 फीसदी लोगों को दिल्ली सरकार की इस योजना के बारे में जानकारी नहीं है। जबकि दिल्ली के हर व्यक्ति को इसके बारे में पता होना चाहिए। अगर घायल को पहले छोटे अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है और उसे बड़े अस्पताल ले जाना है तो एंबुलेंस का खर्च भी सरकार देगी। साथ ही अस्पताल ले जाने वाले को दो हजार रुपये दिया जाएगा। अगर अस्पताल किसी को भर्ती करने से मना करता है तो उसका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
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कार्यक्रम के दौरान विजय सिंह ठाकुर ने बताया कि बीते 25 सितंबर को वे जहांगीरपुरी इलाके में गुजर रहे थे। तभी एक स्कूटर सवार ने उन्हें टक्कर मार दी। हाथ, पैर में फ्रैक्चर आने के कारण वे लहूलुहान स्थिति में सड़क पर थे। आसपास मौजूद लोगों ने उनकी मदद की लेकिन अस्पताल कोई लेकर जाने को तैयार नहीं था। कुछ ही देर में एक फरिश्ता सुनील वर्मा वहां पहुंचे और उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया जहां पूरा इलाज निशुल्क हुआ। त्रिलोकपुरी निवासी जितेंद्र कुमार ने बताया कि अक्षरधाम फ्लाईओवर के पास एक 18 वर्षीय लड़का घायल अवस्था में था। उन्होंने उसे लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल ले गए। यहां से जीटीबी अस्पताल रैफर किया। घायल के परिजनों को भी उन्होंने फोन करके अस्पताल बुलाया था।
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