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धंधा बंद हुआ तो शुरू किया गोरखधंधाः यू-ट्यूब से सीखकर छाप रहा था नकली नोट, गिरफ्तार
Sun, 14 Feb 2021 06:40 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sun, 14 Feb 2021 06:40 AM IST
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गिरफ्त में आरोपी...
- फोटो : amar ujala
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लॉक डाउन में एक शख्स का काम धंधा चौपट हुआ तो उसने यू-ट्यूब से नकली नोट छापना सीखकर गोरखधंधा शुरू कर दिया। पकड़ा न जाए वह 50 और 100 रुपये के ही नोट छापकर उनको भीड़ वाली जगहों पर चलाने लगा। लेकिन बृहस्पतिवार को एक ई-रिक्शा वाले को उसने 50 का नोट दिया तो उसे कुछ शक हो गया। मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
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खबर मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचानज जामा मस्जिद निवासी सैयद मो. इमरान (48) के रूप में हुई है। आरोपी के पास से कुल 27,450 रुपये के नकली नोट, एक बढ़िया किस्म का प्रिंटर व कागज बरामद हुआ। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि लॉक डाउन के बाद से वह काफी सारे नोट छापकर चला चुका है।
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मध्य जिला पुलिस उपायुक्त जसमीत सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार रात को पहाड़गंज थाने में तैनात सिपाही प्रवीन नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के पास पेट्रोलिंग कर रहा था। उसी दौरान उसने देखा कि एक ई-रिक्शा चालक जावेद एक अन्य शख्स से झगड़ा कर रहा था।
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जावेद का कहना था कि सवारी ने उसे 50 रुपये का नकली नोट दिया। प्रवीन ने सवारी की तलाशी ली तो उसके पास से 23 नोट नकली मिले। प्रवीन ने मामले की सूचना थाना प्रभारी वीएन झा और एसआई अजय को दी। फौरन दोनों मौके पर पहुंच गए। आरोपी सैयद मो. इमरान को गिरफ्तार कर लिया गया।
उसके घर पर तलाशी ली गई। जहां से बाकी नोट बरामद हुए। इमरान ने बताया कि वह जामा मस्जिद इलाके में किताबों की दुकान चलाता था। लॉक डाउन में उसका काम बंद हो गया। बेरोजगार होने पर उसने यू-ट्यूब से नकली नोट बनाने सीखे। इसके बाद काफी प्रयोगों के बाद वह नकली नोट बनाने लगा। इसके लिए वह एक कलर प्रिंटर नेहरू प्लेस से खरीदकर लाया। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।