फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   12 लाख की हेराफेरी करने वाले दो ग्राम सचिवों पर एफआईआर 

12 लाख की हेराफेरी करने वाले दो ग्राम सचिवों पर एफआईआर 

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Thu, 17 Sep 2020 10:59 PM IST
विज्ञापन
बुलंदशहर। ऊंचागांव क्षेत्र की तीन ग्राम पंचायतों के खातों से 12 लाख रुपये की राशि की हेराफेरी करने वाले दोनों ग्राम सचिवों के खिलाफ थाना नरसैना में एफआईआर दर्ज हो गई है। डीएम और सीडीओ के आदेश पर बृहस्पतिवार को क्षेत्र के एडीओ पंचायत की तहरीर मिलने के बाद दर्ज की है। वहीं, पुलिस ने मामले में जांच शुरू कर दी है। 
विज्ञापन
गौरतलब है कि ऊगांगांव की ग्राम पंचायत पर शिव कुमार शर्मा और गांव घुंघरावली और बसी बांगर की ग्राम पंचायत पर रोहताश सिंह ग्राम सचिव के पद पर तैनात रहे। गत दिनों इनकी पदोन्नति एडीओ पंचायत के पद पर हो गई थी। इस दौरान इन्होंने मेडिकल लेकर क्षेत्र की तीनों ग्राम पंचायतों से 12 लाख से अधिक की राशि हेराफेरी कर निकल ली थी। ग्राम सचिव शिव कुमार शर्मा ने ग्राम पंचायत ऊंचागांव के खाते से 10 लाख 32 हजार 112 रुपये निकाले। इसी तरह ग्राम सचिव रोहताश सिंह ने ग्राम पंचायत बसी बांगर के खाते से एक लाख 35 हजार 96 रुपये और ग्राम पंचायत घुंघरावली के खाते से 42 हजार 337 रुपये निकाले हैं। प्रथम दृष्टता जांच में दोनों ग्राम सचिव दोषी पाए गए और उन्हें निलंबित कर दिया गया। बृहस्पतिवार को डीएम रविंद्र कुमार और सीडीओ अभिषेक पांडेय के आदेश पर ऊंचागांव ब्लॉक पर तैनात एडीओ पंचायत कौशल कुमार ने थाना नरसैना में तहरीर देकर दोनों ग्राम सचिवों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर दोनों ग्राम सचिवों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर अपनी जांच शुरू कर दी है। बताया गया कि इन दोनों ग्राम सचिवों की विभागीय जांच भी जारी है। साथ ही उन्हें बर्खास्त करने के लिए विभागीय अधिकारी शासन और विभाग को पत्र लिखने की तैयारी कर रहे हैं। जिला पंचायत राज अधिकारी नन्दलाल ने बताया कि ऊंचागांव क्षेत्र के एडीओ पंचायत ने दोनों ग्राम सचिवों के खिलाफ थाना नरसैना में एफआईआर दर्ज करवा दी है। दोनों सचिवों पर आगामी कार्रवाई के लिए भी जांच जारी है। वहीं, दूसरी ओर इन तीनों ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों की संदिग्धता की आशंका के चलते भी जांच का दायरा बढ़ा दिया है।  
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed