मीडिया अवॉर्ड से सम्मानित हुए 72 यूथ आईकॉन
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यूथ आइकॉन की ओर से तृतीय उत्तराखंड यूथ आईकॉन नेशनल मीडिया अवार्ड सेरेमनी का आयोजन रविवार को किया गया। सेरेमनी में विभिन्न क्षेत्रों की 72 शख्सियतों को उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। गत वर्ष जून में आई आपदा में बेहतरीन काम करने वाले पत्रकारों और अधिकारियों को भी सम्मानित किया गया।
ओएनजीसी के एएमएन घोष ऑडिटोरियम में अवार्ड सेरेमनी का शुभारंभ प्रदेश के सीएम हरीश रावत ने किया। सीएम रावत ने कहा कि एक साथ इतनी बड़ी संख्या में यूथ आइकॉन का चयन कर उन्हें सम्मानित करना सराहनीय काम है।
कहा कि युवाओं को जिम्मेदार और जागरूक करने के लिए इस तरह के आयोजन किए जाने चाहिए। कहा कि युवाओं की ऐसी पहल से ही राष्ट्र की तरक्की संभव है। आयोजक संस्था के संस्थापक निदेशक शशि भूषण मैठाणी ‘पारस’ ने कहा कि उनका उद्देश्य आयोजन से युवाओं को जागरूक और जिम्मेदार बनाना है।
राजनीतिक विश्लेषक एवं वरिष्ठ पत्रकार राम कृपाल सिंह ने कहा कि युवाओं को पथभ्रमित होने की बड़ी-बड़ी बातें होती हैं लेकिन उन्हें इस बात का संतोष है कि युवा सही दिशा में जा रहा है। कहा कि हमें उन्हें बताने की जरूरत नहीं है, बस अगर वो गलत रास्ते पर जाएं तो उन्हें बचाने की आवश्यकता है।
कैबिनेट मंत्री दिनेश अग्रवाल और दिनेश धनै बतौर विशेष अतिथि, यूथ आइकॉन अवार्ड के अध्यक्ष डॉ. महेश कुड़ियाल और निर्णायक मंडल के वरिष्ठ सदस्य डॉ. आरके जैन भी मौजूद रहे।
मैं आधा पहाड़ी हूं: सुशांत सिंह
टीवी शो सावधान इंडिया के एंकर और कई फिल्मों में अदाकारी की छाप छोड़ चुके सुशांत सिंह ने अवार्ड लेने के बाद दून से अपनी पुरानी यादों को साझा किया। बताया कि लोक निर्माण विभाग में अधिकारी उनके पिता दून में ही तैनात थे। ऐसे में उनका बचपन यहीं बीता।
सुशांत ने चाट वाली गली की याद करते हुए कहा कि अवार्ड के साथ उनमें दून आने का मौका मिलने का भी उत्साह था। यही वजह थी कि बिजी शेड्यूल से वक्त निकाल वह यहां आए।
सुशांत ने बताया कि दून के अलावा उनकी पढ़ाई नैनीताल में भी हुई। देवभूमि में लंबा वक्त गुजारने के कारण सुशांत ने कहा, ‘मुझे पराया न समझा जाए, मैं आधा पहाड़ी हूं।’
अमर उजाला के पत्रकार भी सम्मानित
समारोह में अमर उजाला के पत्रकारों को भी सम्मानित किया गया। अमर उजाला गोपेश्वर के प्रमोद सेमवाल, अमर उजाला उत्तरकाशी के पंकज गुप्ता और अमर उजाला देहरादून के आफताब अजमत को मुख्यमंत्री हरीश रावत ने ट्रॉफी और प्रशस्तीपत्र देकर सम्मानित किया।
ये यूथ आईकॉन हुए सम्मानित
सुशील बहुगुणा: विशेष पत्रकारिता सम्मान
हृदयेश जोशी: लेखन के क्षेत्र में सृजन सम्मान
हृदयेश जोशी: एनडीटीवी
अजय कुमार: न्यूज नेशन
डॉ. मीनाक्षी राणा: युवा लेखिका
देवेंद्र रावत: दैनिक जागरण
पूरण भिलंगवाल: हिंदुस्तान
सुरेंद्र रावत: समाचार प्लस
मोहित डिमरी: राष्ट्रीय सहारा
बद्री नौटियाल: हिन्दुस्तान
संतोष भट्ट: हिन्दुस्तान
शाल सिंह दत्ताल: पत्रकार धारचुला
कृष्णा गर्बियाल: पत्रकार पिथौरागढ
दिनेश मानसेरा: एनडीटीवी नैनीताल
सुशांत सिंह: सावधान इंडिया क्राइम शो के एंकर
अमिताभ श्रीवास्तव: वरिष्ठ पत्रकार
सुनील तिवारी: सर्वश्रेष्ठ नवोदित स्तंभकार
रिजुल अल्पना बख्शी: गायन
डॉ. स्वाती रॉय: चिकित्सक
डॉ. साक्षी नरूला: चिकित्सक
डॉ. प्रियंका सिंह: चिकित्सक
रविंद्र धनकड़: प्रकाशन जगत
लक्ष्मी: एसिड अटैक की पीड़ित
मोहिनी ध्यानी पटनी: क्षेत्रीय भाषा संरक्षण एवं संवर्धन
त्विसा संधू: अभिनय
अवनीश प्रेमी: सहारा समय
मुकेश राजपूत: सहारा समय
आई नेक्स्ट: समाचार पत्र
दिलीप बिष्ट: आई नेक्स्ट
मयंक राय: समाचार प्लस
नेटवर्क 10: न्यूज चैनल
संदीप गुंसाई: साधना न्यूज चैनल
पर्वत जन: पत्रिका
देहरादून टाइम्स: समाचार पत्र
सोनू सिंह: जी न्यूज
राहुल शेखावत: समाचार प्लस
डॉ. सुमिता प्रभाकर: चिकित्सा
प्रेम चंद्र सकलानी: साहित्यकार
आत्म प्रकाश डिमरी: राजकीय शिक्षक
दिनेश बड़थ्वाल: उप प्रधानाचार्य, दून इंटरनेशनल स्कूल
जय प्रकाश पंवार: रचनात्मक कार्य
डॉ. अजीत गैरोला: चिकित्सा
तुषार कुमार: समाज सेवा
सिनमिट कम्यूनिकेशन: सृजनात्मक कार्य
कैप्टन भूपेंद्र: अदम्य साहस
वृज मोहन सिंह बिष्ट: अदम्य साहस
योगेन्द्र राणा: अदम्य साहस
दिलीप जावलकर: उत्कृष्ट लोक सेवा
जीएस मर्तोलिया: उत्कृष्ठ लोक सेवा
वरिंदर जीत सिंह: उत्कृष्ठ लोक सेवा
चन्द्र शेखर मेहरवाल: सृजन सम्मान
हिमांशु चावला: विज्ञान अनुसंधान सम्मान
विजय सिंह: विज्ञान अनुसंधान सम्मान
अभिलाष सेमवाल: विज्ञान अनुसंधान सम्मान
अजय कुमार: समाज सेवा
नवज्योत कौर: न्यूज एंकर, आईबीएन 7
केदार दत्त: दैनिक जागरण
प्रशांत रॉय: ईटीवी
मास्टर पार्थ रतूड़ी: नृत्य
मनस्विनी पन्त: नृत्य
बेटियों का विशेष सम्मान
हिमाचल के बस कंडक्टर की आईपीएस बेटी शालिनी अग्निहोत्री और एसिड अटैक पीड़िता लक्ष्मी का सम्मान भी खास आकर्षण का केंद्र रहा। दोनों ही बेटियां अपनी-अपनी वजह से अलग पहचान रखती हैं। खुद सीएम हरीश रावत ने भी दोनों बेटियों के योगदान को सराहा।