फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand News: File of scams of UPCL will open now

उत्तराखंड: यूपीसीएल के घोटालों की खुलेगी फाइल, मंत्री हरक ने दिए कार्रवाई के निर्देश

Sat, 17 Jul 2021 02:05 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Sat, 17 Jul 2021 02:05 PM IST
सार

पारदर्शिता को बढ़ावा देने के साथ ही यूपीसीएल को घाटे में लाने के जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।

विज्ञापन
Uttarakhand News: File of scams of UPCL will open now
हरक सिंह रावत - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो

विस्तार

बिजली खरीद की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के साथ ही सरकार अब उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) में हुए घोटालों पर भी सख्त नजर आ रही है। ऊर्जा मंत्री हरक सिंह रावत पूर्व के सभी घोटालों की फाइल का अध्ययन करेंगे, जिसके बाद कार्रवाई होगी।

विज्ञापन


दरअसल, यूपीसीएल का घोटालों से पुराना साथ रहा है। फर्नेस इंडस्ट्री घोटाला, एनएच-74 बिजली लाइन शिफ्टिंग घोटाला, रुद्रपुर बिल कलेक्शन में 55 लाख के गबन का आरोप, हरिद्वार में बिल कनेक्शन में 55 लाख के गबन का आरोप, हरिद्वार कुंभ मेले में बिजली चोरी का मामला, घटिया इंसुलेटर उपकरण, एक्युरेट मीटर खरीद घोटाला, ट्रिपरिले मामला, ट्रांसफार्मर खरीद घोटाला, ट्रांस केबिल कंपनी मामले के साथ ही ताजा मामला एक कंपनी की ओर से बिजली को बाजार में बेचने का है।
विज्ञापन


इसमें भी करीब 61 करोड़ का घोटाला हुआ था। इन सभी मामलों में कार्रवाई और ताजा अपडेट जानने के लिए अब ऊर्जा मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत ने फाइलें तलब की हैं। उन्होंने बताया कि हमारा मकसद घाटे में चल रहे यूपीसीएल को लाभ में लाना है।
विज्ञापन
विज्ञापन


लिहाजा, इसके लिए हम पारदर्शिता को बढ़ावा देने के साथ ही यूपीसीएल को घाटे में लाने के जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों पर भी कार्रवाई करेंगे। उन्होंने कहा कि वह पूर्व के मामलों की फाइलों का अवलोकन करने के बाद कार्रवाई का अपडेट अधिकारियों से लेंगे और कार्रवाई करेंगे।

यूपीसीएल के खाते में जितना पैसा आएगा, ईपीएफओ के पास जाएगा

उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड के सीज हुए खाते में जो भी पैसा आएगा, वह सीधे ईपीएफओ के पास जाएगा। ईपीएफओ ने पिछले सप्ताह चार करोड़ 81 लाख रुपये पीएफ जमा न कराने पर यूपीसीएल का पीएफ खाता सीज कर दिया गया था। 

दरअसल, लगातार ईपीएफओ की ओर से चेताने के बाद भी यूपीसीएल के स्तर से पीएफ जमा कराने के मामले में लापरवाही बरती जा रही थी। तत्कालीन पीएफ कमिश्नर मनोज कुमार यादव ने देहरादून और आसपास के दफ्तरों का असेसमेंट किया था।

असेसमेंट में उन्होंने पाया कि वर्ष 2013 से 2016 के बीच यूपीसीएल के ठेकेदारों ने पीएफ का पैसा ही जमा नहीं कराया है। उन्होंने यूपीसीएल पर चार करोड़ 81 लाख रुपये बकाया पकड़ा था।

पिछले सप्ताह ईपीएफओ के नए कमिश्नर विश्वजीत सागर के निर्देशों के बाद ईपीएफओ ने यूपीसीएल का खाता सीज कर दिया था। इस खाते में उस वक्त एक करोड़ रुपये थे। अब इस खाते में जो भी पैसा जमा होगा, वह ईपीएफओ के कब्जे में रहेगा। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed