कैंब्रिज यूनिवर्सिटी में भारत की इस बेटी का जलवा, कारण जानकर होगा गर्व
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सोमेश्वर के खैराकोट गांव की बेटी दर्शना जोशी ने कैंब्रिज विश्वविद्यालय (इंग्लैंड) में भारत का झंडा बुलंद कर दिया है।
दर्शना जोशी ग्रेजुएट यूनियन की अध्यक्ष बन गई हैं। कैंब्रिज विवि से पीएचडी कर रहीं दर्शना ग्रेजुएट यूनियन के अध्यक्ष पद का चुनाव जीतने वाली पहली भारतीय छात्रा हैं।
दिल्ली में नगर निगम में इलेक्ट्रीशियन हरीश चंद्र जोशी की 28 वर्षीय पुत्री दर्शना की प्राथमिक शिक्षा मनान में ही हुई थी उसके बाद आगे की शिक्षा उन्होंने दिल्ली से हासिल की।
दिल्ली विश्वविद्यालय से की है बीएससी
दिल्ली विश्वविद्यालय से बीएससी और जवाहर लाल नेहरू उन्नति ज्ञान अनुसंधान जैंकुर बंगलूरू से एमएससी करने के बाद दर्शना ने कैंब्रिज विवि से पीएचडी कर रही हैं।
गत 19 मई को विवि में हुए ग्रेजुएट यूनियन चुनाव में उन्होंने भाग लिया, जिसमें उनके प्रतिद्वंद्वी डिक्लेन मैलोनी थे। दर्शना को चुनाव में 65 प्रतिशत वोट मिले और वह निर्वाचित घोषित हुईं।
जुलाई में शपथ लेने के बाद वह नए अध्यक्ष पद का कार्यभार ग्रहण करेंगी। दर्शना के पिता हरीश चंद्र जोशी ने बताया कि वह लोग मूलत: खैराकोट गांव के हैं और कुछ साल पहले बच्चों समेत दिल्ली चले गए थे।
पैतृक गांव खैराकोट में खुशी का माहौल
हरीश चंद्र जोशी ने बताया कि दर्शना की मां जानकी देवी, छोटा भाई भुवन जोशी और शादीशुदा बड़ी बहन हेमा समेत पूरा परिवार दर्शना की इस उपलब्धि पर प्रफुल्लित है।
पैतृक गांव खैराकोट में भी खुशी का माहौल है। गांव में उनके चचेरे भाई गोपाल दत्त जोशी परिवार समेत रहते हैं।
दर्शना के पिता हरीश चंद्र ने बताया कि वह साल में तीन चार बार गांव आते हैं। जून में वह फिर गांव आएंगे और उसके बाद वह बेटी से मिलने इंग्लैंड जाएंगे।