फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   UKSSSC STF reaches one more accused in paper leak case

UKSSSC: पेपर लीक मामले में एक और अपर निजी सचिव पकड़ा, एसटीएफ अब तक 16 को कर चुकी गिरफ्तार

Fri, 12 Aug 2022 04:44 PM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Fri, 12 Aug 2022 04:44 PM IST
सार

24 जुलाई को यूकेएसएसएससी में पेपर लीक मामले में एसटीएफ ने छह लोगों को गिरफ्तार किया था। इसके बाद मामले में एक के बाद एक 16 गिरफ्तारियां हुई। कुछ दिन पूर्व मुख्य आरोपी आउटसोर्स कंपनी आरएमएस सॉल्यूशन के डाटा एंट्री ऑपरेटर अभिषेक वर्मा को एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। आज शुक्रवार को एक और गिरफ्तारी हुई। 

विज्ञापन
UKSSSC  STF reaches one more accused in paper leak case
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूकेएसएसएससी) के पेपर लीक मामले में एसटीएफ ने सचिवालय के एक और अपर निजी सचिव को गिरफ्तार कर लिया। आरोप है कि न्याय विभाग में कार्यरत अपर निजी सचिव ने दो अभ्यर्थियों को पेपर उपलब्ध कराया था। इसके एवज में अभ्यर्थियों से 18-18 लाख रुपये में सौदा किया था।

विज्ञापन


एसटीएफ इस मामले में अब तक 16 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। शुक्रवार को एसटीएफ ने सचिवालय के न्याय विभाग में कार्यरत सहायक अपर निजी सचिव सूर्य प्रताप सिंह निवासी जसपुर, ऊधमसिंह नगर को गिरफ्तार कर लिया। एसटीएफ के एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि आरोपी से गहन पूछताछ और पुख्ता साक्ष्यों के आधार पर यह बात सामने आई कि पूर्व में गिरफ्तार किए गए मनोज जोशी, अपर निजी सचिव गौरव चौहान और तुषार चौहान के माध्यम से सूर्य प्रताप सिंह ने दो अभ्यर्थियों को पेपर उपलब्ध कराया था।  
विज्ञापन


इसके एवज में अभ्यर्थियों से 18-18 लाख रुपये का सौदा तय किया गया था। इसमें तीन-तीन लाख रुपये परीक्षा से पूर्व और 15-15 लाख रुपये परीक्षा के बाद देना तय हुआ था। यह लेनदेन जसपुर स्थित आवास पर हुआ था। उन्होंने बताया कि पूछताछ, उपलब्ध साक्ष्य व इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की गिरफ्तारी की गई है। उसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 

ये है मामला
उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने स्नातक स्तरीय परीक्षा गत वर्ष दिसंबर में कराई थी। इसके बाद से ही लगातार इसमें धांधली की बात सामने आ रही थी। बीती 22 जुलाई को मुख्यमंत्री के निर्देश पर रायपुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। तब इसकी जांच एसटीएफ को सौंपी गई। इसके बाद से ही एसटीएफ कड़ियां जोड़कर पूरे मामले की जांच में जुटी है।

ये भी पढ़ें...Youtuber Bobby Kataria: बॉबी को कल तक पेश होने का फिर नोटिस, सड़क पर बैठकर जाम छलकाने पर हुआ मुकदमा

टेलीग्राम एप पर किया था पेपर लीक
परीक्षा का पेपर लीक करने वाले को भी एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया है। यह भी आयोग की आउटसोर्स कंपनी आरएमएस सॉल्यूशन का कर्मचारी था। इसकी जिम्मेदारी पेपर छपने के बाद सील करने की थी, पर शातिर ने तीनों पालियों के एक-एक सेट को टेलीग्राम एप के माध्यम से अपने साथियों को भेज दिया। इस काम के लिए उसे 36 लाख रुपये मिले थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed