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Dehradun News: शहर में पार्किंग की दरकार, पर जिम्मेदार नहीं कर रहे पहल
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I- मुख्य बाजार से संचालित होते हैं सवारी और यूटिलिटी वाहन, सड़क पर लगता है जाम
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I-120 निजी बसों का यहां से होता है संचालनI
शहर में जाम की समस्या से निजात नहीं मिल पा रही है। इसका मुख्य कारण यह है कि शहर में कहीं भी पार्किंग नहीं है। छोटे सवारी और यूटिलिटी वाहन जौनसार बावर में परिवहन की लाइफलाइन हैं। इनका संचालन विकासनगर के मुख्य बाजार से ही होता है। इसके चलते बाजार में रोजाना जाम लग जाता है। अगर पार्किंग होगी तो वाहनों के संचालन के लिए निश्चित स्थान मिल जाएगा, लेकिन प्रशासन या नगरपालिका ने अबतक इसकी कोई पहल नहीं की है।
विकासनगर जौनसार बावर के साथ ही दो प्रदेशों और दो जिलों के सीमांत क्षेत्र का मुख्य बाजार है। यहां जौनसार बावर, हिमाचल प्रदेश के सिरमौर, उत्तरप्रदेश के सहारनपुर जिले, उत्तरकाशी मोरी ब्लॉक, जौनपुर ब्लॉक के सीमांत क्षेत्र से लोग सरकारी अस्पताल में उपचार और बाजार में खरीदारी के लिए आते हैं। यहां से रोजाना 120 निजी बसों, 600 से अधिक छाेटे सवारी और यूटिलिटी वाहनों का संचालन होता है। चालक बाजार से ही सवारी बैठाते और उतारते हैं। सामान भी बाजार से ही उठाया और उतारा जाता है। जौनसार बावर और डाकपत्थर बैराज के रास्ते हिमाचल प्रदेश जाने वाले निजी चौपहिया और दोपहिया वाहन भी मुख्य बाजार से होकर गुजरते हैं। दिल्ली यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग बाजार के बीच होकर गुजरता है। चारधाम यात्रा सीजन में बाजार में यातायात का दबाव तीन गुना तक बढ़ जाता है।
यहां लंबे समय से पार्किंग की जरूरत महसूस हो रही है। विकासनगर को मिनी स्मार्ट सिटी बनाने की तैयारी की जा रही है, लेकिन प्रशासन और पालिका ने पार्किंग विकसित करने की कोई पहल नहीं की। अगर शहर मिनी स्मार्ट सिटी बन भी जाएगा तो उसकी खूबसूरती पर जाम एक धब्बा बनकर उभरा रहेगा।
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Iव्यापार मंडल लंबे समय से पार्किंग की मांग कर रहा है। अगर पार्किंग का निर्माण होता है तो शहर में रोजाना लगने वाले जाम की समस्या हल हो जाती। सवारी और यूटिलिटी वाहनों का संचालन भी व्यवस्थित होगा।
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Iसंजय गुप्ता, अध्यक्ष, व्यापार मंडल
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Iजाम विकासनगर नगर की प्रमुख समस्या है। व्यापार मंडल लगातार शहर में पार्किंग के निर्माण और यातायात संचालन के लिए ट्रैफिक पुलिस की तैनाती मांग कर रहा है। पार्किंग के लिए जगह नहीं होने से लोग अपने वाहन मजबूरी में सड़क पर खड़ा करते हैं।
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Iहिमकर गुप्ता, उपाध्यक्ष, व्यापार मंडल
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Iनगर पालिका ने विशेष तौर पर पार्किंग का प्रस्ताव नहीं भेजा है। शहर में सीवर योजना और ड्रेनेज सिस्टम को लेकर कार्य होने हैं। अगले चरण में एमडीडीए की ओर से पार्काें और पार्किंग के निर्माण भी प्रस्तावित हैं।
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Iबद्री प्रसाद भट्ट, अधिशासी अधिकारी, विकासनगरI
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I-120 निजी बसों का यहां से होता है संचालनI
शहर में जाम की समस्या से निजात नहीं मिल पा रही है। इसका मुख्य कारण यह है कि शहर में कहीं भी पार्किंग नहीं है। छोटे सवारी और यूटिलिटी वाहन जौनसार बावर में परिवहन की लाइफलाइन हैं। इनका संचालन विकासनगर के मुख्य बाजार से ही होता है। इसके चलते बाजार में रोजाना जाम लग जाता है। अगर पार्किंग होगी तो वाहनों के संचालन के लिए निश्चित स्थान मिल जाएगा, लेकिन प्रशासन या नगरपालिका ने अबतक इसकी कोई पहल नहीं की है।
विकासनगर जौनसार बावर के साथ ही दो प्रदेशों और दो जिलों के सीमांत क्षेत्र का मुख्य बाजार है। यहां जौनसार बावर, हिमाचल प्रदेश के सिरमौर, उत्तरप्रदेश के सहारनपुर जिले, उत्तरकाशी मोरी ब्लॉक, जौनपुर ब्लॉक के सीमांत क्षेत्र से लोग सरकारी अस्पताल में उपचार और बाजार में खरीदारी के लिए आते हैं। यहां से रोजाना 120 निजी बसों, 600 से अधिक छाेटे सवारी और यूटिलिटी वाहनों का संचालन होता है। चालक बाजार से ही सवारी बैठाते और उतारते हैं। सामान भी बाजार से ही उठाया और उतारा जाता है। जौनसार बावर और डाकपत्थर बैराज के रास्ते हिमाचल प्रदेश जाने वाले निजी चौपहिया और दोपहिया वाहन भी मुख्य बाजार से होकर गुजरते हैं। दिल्ली यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग बाजार के बीच होकर गुजरता है। चारधाम यात्रा सीजन में बाजार में यातायात का दबाव तीन गुना तक बढ़ जाता है।
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यहां लंबे समय से पार्किंग की जरूरत महसूस हो रही है। विकासनगर को मिनी स्मार्ट सिटी बनाने की तैयारी की जा रही है, लेकिन प्रशासन और पालिका ने पार्किंग विकसित करने की कोई पहल नहीं की। अगर शहर मिनी स्मार्ट सिटी बन भी जाएगा तो उसकी खूबसूरती पर जाम एक धब्बा बनकर उभरा रहेगा।
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Iव्यापार मंडल लंबे समय से पार्किंग की मांग कर रहा है। अगर पार्किंग का निर्माण होता है तो शहर में रोजाना लगने वाले जाम की समस्या हल हो जाती। सवारी और यूटिलिटी वाहनों का संचालन भी व्यवस्थित होगा।
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Iसंजय गुप्ता, अध्यक्ष, व्यापार मंडल
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Iजाम विकासनगर नगर की प्रमुख समस्या है। व्यापार मंडल लगातार शहर में पार्किंग के निर्माण और यातायात संचालन के लिए ट्रैफिक पुलिस की तैनाती मांग कर रहा है। पार्किंग के लिए जगह नहीं होने से लोग अपने वाहन मजबूरी में सड़क पर खड़ा करते हैं।
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Iहिमकर गुप्ता, उपाध्यक्ष, व्यापार मंडल
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Iनगर पालिका ने विशेष तौर पर पार्किंग का प्रस्ताव नहीं भेजा है। शहर में सीवर योजना और ड्रेनेज सिस्टम को लेकर कार्य होने हैं। अगले चरण में एमडीडीए की ओर से पार्काें और पार्किंग के निर्माण भी प्रस्तावित हैं।
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Iबद्री प्रसाद भट्ट, अधिशासी अधिकारी, विकासनगरI