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Uttarakhand Lockdown : चिकित्सा समेत सेवाओं के लिए गाड़ियां संचालित कर रहे निजी चालकों का बीमा करे सरकार

Mon, 13 Apr 2020 03:16 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो Updated Mon, 13 Apr 2020 03:16 PM IST
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Uttarakhand Lockdown : The government should also insure drivers driving vehicles for connected services.
प्रतीकात्मक तस्वीर

कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों के इलाज में जुटे डॉक्टरों , पैरामेडिकल , स्टाफ नर्स समेत अन्य विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों का सरकार की ओर से 10 लाख रुपये का बीमा किए जाने के बाद अब उन तमाम चालकों ने भी बीमा किए जाने की मांग उठा दी है जो चिकित्सा समेत अन्य सार्वजनिक सेवाओं में गाड़ियां संचालित कर रहे हैं।

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निजी गाड़ी संचालकों का कहना है कि वे जिंदगी दांव पर लगाकर सरकार व कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की मदद में जी जान से जुटे हुए हैं। ऐसे में उनका भी बीमा किया जाना चाहिए। दूसरी ओर देहरादून सिटी बस सेवा महासंघ ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर मांग उठाई है कि कोरोना वायरस बीमारी से निपटने को लेकर सरकार की ओर से निजी गाड़ियों का अधिग्रहण किया गया है।
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उनके चालकों का भी 10 लाख रुपए का बीमा सुनिश्चित कराया जाए। कारण कि कोरोना वायरस से संक्रमित होने का जितना खतरा डॉक्टरों , पैरामेडिकल, स्टाफ नर्स, अधिकारियों, कर्मचारियों को है उतना ही खतरा निजी गाड़ी संचालकों को भी है। जो सरकार के बुलावे पर गाड़ियां संचालित कर रहे हैं।
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सिटी बस सेवा महासंघ के अध्यक्ष विजय वर्धन डंडरियाल का कहना है कि ऐसे चालकों का 10 लाख का बीमा किया जाना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने राज्य सरकार से मांग की है कि सिटी बस चालक-परिचालकों के अलावा ऑटो, विक्रम के चालकों को भी आर्थिक सहायता मुहैया कराई जाए।


कारण कि गाड़ियों का संचालन नहीं होने से तमाम चालक , परिचालक भुखमरी की कगार पर पहुंच गए हैं। इस संबंध में पहले भी दो बार मुख्यमंत्री को पत्र लिखा जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हो पाई है।

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