देहरादूनः साध्वी पद्मावती दून अस्पताल से डिस्चार्ज, प्रशासन पर लगाया अपहरण का आरोप
- दून अस्पताल में पूरे दिन चला हाईवोल्टेज ड्रामा
- डीएम के निर्देश पर प्रशासन और डॉक्टरों की टीम साध्वी को ले गई मातृसदन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मातृदसन की साध्वी पद्मावती ने हरिद्वार जिला प्रशासन पर देर रात अपहरण कर दून अस्पताल में भर्ती कराने का आरोप लगाया। साध्वी ने कहा कि प्रशासन, पुलिस और डॉक्टर मिलकर उन्हें जहर देकर मारना चाहते हैं।
इस बीच साध्वी की स्वास्थ्य जांच और उन्हें रेफर करने को लेकर पूरे दिन हाईवोल्टेज ड्रामा चलता रहा। डॉक्टरों ने स्वास्थ्य ठीक बताया तो उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया। देर शाम डीएम के आदेश पर प्रशासन और डॉक्टरों की टीम साध्वी को लेकर मातृसदन हरिद्वार रवाना हो गई।
मातृसदन में अनशन कर रहीं साध्वी पद्मावती को बृहस्पतिवार रात हरिद्वार जिला प्रशासन ने पुलिस की मदद से जबरन उठाकर दून अस्पताल में भर्ती करा दिया था। साध्वी के साथ खुद सीएमओ हरिद्वार डॉ. सरोज नैथानी और जिला व पुलिस प्रशासन के अधिकारी मौजूद थे। सुबह डॉक्टरों ने जांच के लिए सैंपल देने को कहा तो साध्वी ने साफ इंकार कर दिया।
प्रशासन जहर देकर मार देगा
साध्वी का कहना था कि पूर्व के दो अनशनकारियों की तरह उनकी भी हालत खराब बता प्रशासन उन्हें भी जहर देकर मार देगा। काफी देर तक इसे लेकर तर्क-वितर्क चलते रहे। सूचना पर सीएमओ डॉ. मीनाक्षी जोशी, डीआईजी अरुण मोहन जोशी, चिकित्सा अधीक्षक केके टम्टा, डिप्टी एमएस डॉ. एनएस खत्री, एसपी सिटी श्वेता चौबे और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम भी वहां पहुंची।
अधिकारियों ने साध्वी को समझाने का प्रयास किया। साथ ही मातृसदन के पदाधिकारियों से भी बात की। जिस पर साध्वी ने जांच के लिए सैंपल दे दिए। सीएमओ के निर्देश पर साध्वी को एम्स रेफर करने का निर्णय हुआ। इस बीच जांच रिपोर्ट आने पर मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. नारायणजीत सिंह और सीनियर फिजिशियन डॉ. विजय भंडारी ने साध्वी को स्वस्थ बताया तो सीएमओ ने डिस्चार्ज करने के निर्देश दिए।
भर्ती करने पर डीएम ने किया जवाब तलब
जिलाधिकारी सी. रविशंकर ने रात को साध्वी को भर्ती करने और अब डिस्चार्ज करने पर सीएमओ से जवाब तलब किया। इस पर सीएमओ ने डॉक्टरों से जवाब मांग कर रात की परिस्थितियों को देखते हुए भर्ती करने का फैसला लिए जाने का तर्क दिया। जिस पर देर शाम साध्वी को डिस्चार्ज किया गया। देहरादून स्वास्थ्य विभाग और डॉक्टरों का कहना था कि हरिद्वार जिला अस्पताल में फिजिशियन और जरूरी जांचें उपलब्ध हैं। ऐसे में साध्वी को हरिद्वार से दून अस्पताल रेफर करने पर सवाल उठ रहे हैं।