Rudraprayag: नरकोटा में सिग्नेचर पुल योजना को झटका...निर्माण पूरा होने में लगेगा एक साल
पुल से जुड़ा करीब 75 प्रतिशत काम पूरा हो गया था। पर 18 जुलाई को उसका टावर फ्रेम ढह गया। इसके बाद से निर्माण कार्य बंद है।
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रुद्रप्रयाग जिले में नरकोटा में सिग्नेचर पुल के टॉवर फ्रेम ढहने के कारण योजना को झटका लगा है, इसी महीने पुल का काम पूरा होने की समय सीमा रखी गई थी, पर अब निर्माण कार्य पूरा होने में एक साल का समय और लग सकता है।
रुद्रप्रयाग जिले के नरकोटा में एनएच पर 110 मीटर स्पान के आर्च सेतु की योजना बनाई गई थी। इस पुल पर निर्माण कार्य अगस्त-2021 में शुरू हुआ था, इसके निर्माण कार्य को पूरा होने के लिए समय सीमा अगस्त-2024 रखी गई थी।
बताया जाता है कि पुल से जुड़ा करीब 75 प्रतिशत काम पूरा हो गया था। पर 18 जुलाई को उसका टावर फ्रेम ढह गया। इसके बाद से निर्माण कार्य बंद है। जो स्थितियां हैं, उसमें एक साल का और समय लगने की संभावना एनएच के अधिकारी जता रहे हैं।
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जांच रिपोर्ट जल्द सौंपी जा सकती है
नरकोटा टॉवर फ्रेम ढहने की जांच राज्य सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय कर रहा है, इसके अलावा लोनिवि विभागाध्यक्ष ने एनएच के मुख्य अभियंता की अध्यक्षता में एक जांच समिति बनाई थी। मामले की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट तीन दिन में देनी थी, पर अभी जांच पूरी नहीं हो सकी है। लोक निर्माण विभाग के विभागाध्यक्ष दीपक यादव कहते हैं कि जांच समिति में बाद में श्रीनगर के एनआईटी के विशेषज्ञों को भी शामिल किया गया था। जांच का काम करीब फाइनल है, दो से तीन दिन में जांच रिपोर्ट सौंपी जा सकती है। वहीं, एनएच के मुख्य अभियंता दयानंद कहते हैं कि पुल के टावर फ्रेम ढहने की जांच भी चल रही है। इस पुल का काफी काम पूरा हो गया था। अब नए सिरे से पुल को तैयार करना होगा। इसमें एक साल तक का समय लग सकता है।