अब आयकर के रडार पर होंगे हर गली-मोहल्लों के रईस
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गली मोहल्लों के रईस अब आयकर विभाग के रडार पर हैं। खुफिया विभाग ऐसे रईसों के बारे में जानकारी जुटा रहा है।
आयकर विभाग ने नए वित्तीय वर्ष में नए करदाताओं की पहचान पर काम तेज कर दिया है। इसके तहत बैंक के लेन-देन की जांच की जा रही है। साथ ही इंटेलीजेंस ब्यूरो की मदद भी ली जा रही है।
आयकर विभाग की तमाम कोशिशों के बावजूद हर साल काफी कम लोग ही टैक्स अदा करते हैं। आयकर विभाग इसके लिए कवायद करता रहा है लेकिन नतीजे सकारात्मक नहीं आए। सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (सीबीडीटी) ने इस साल योजना में बदलाव कर दिया है।
गली-मोहल्ले के अमीरों पर आयकर विभाग कसेगा शिकंजा
नए निर्देशों के तहत अब हर गली-मोहल्ले के अमीरों पर आयकर विभाग शिकंजा कसने जा रहा है। इसके लिए खुफिया विभाग (इंटेलीजेंस ब्यूरो) की मदद ली जा रही है।
खुफिया विभाग की रिपोर्ट के आधार पर आयकर की टीम कार्रवाई करेगी। इसके अलावा बीते वित्तीय वर्ष में बैंकों में जमा हुई रकम, खातों से होने वाले लेन-देन, जमीनों की खरीद फरोख्त के रिकॉर्ड को खंगालकर आयकर विभाग नए करदाताओं की तलाश कर रहा है। एक आयकर अधिकारी ने बताया कि नए करदाताओं की पहचान के लिए बाजारों में व्यापारियों की एसोसिएशन और ट्रेड यूनियन की भी मदद ली जाएगी।
जमीन की रजिस्ट्री वाले ऑफिसों से भी जानकारी जुटाई जा रही है। इसके अलावा ऑपरेशन क्लीन मनी के तहत जिन लोगों ने जानकारी छिपाई है, उनकी जांच भी की जा रही है। आयकर विभाग ने रीजन के हिसाब से अलग रणनीति बनाई है।