राफेल डील पर इस कांग्रेसी नेता ने दिया ऐसा बयान कि मिला 5000 करोड़ की मानहानि का नोटिस
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कांग्रेसी नेता को राफेल डील के खिलाफ बोलने पर 5000 करोड़ की मानहानि का नोटिस मिला है। यह नोटिस अंबानी ग्रुप की मुंबई स्थित लॉ कंपनी की ओर से भेजा गया है।
उत्तराखंड कांग्रेस के प्रभारी अनुग्रह नारायण सिंह को राफेल डील की मुखालफत पर मानहानि का नोटिस मिला है। अंबानी ग्रुप की मुंबई स्थित लॉ कंपनी की ओर से पांच हजार करोड़ की मानहानि का नोटिस भेजा गया है।
पार्टी प्रभारी ने 25 जुलाई को देहरादून में प्रेस कान्फ्रेंस करके राफेल डील को लेकर कई आरोप लगाए थे। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी समेत कुछ अन्य लोगों को भी अलग-अलग जगह बयान देने पर मानहानि के नोटिस दिए गए हैं।
12 अगस्त को अनुग्रह नारायण सिंह को मिला यह नोटिस
राफेल डील पर कांग्रेस हाईकमान के निर्देश पर उसके तमाम नेता अलग-अलग राज्यों में जाकर हमले बोल रहे हैं। इस क्रम में उत्तराखंड कांग्रेस ने भी लगातार कई कार्यक्रम किए हैं।
इसकी शुरुआत 25 जुलाई को पार्टी प्रभारी ने देहरादून आकर की थी। उन्होंने खास राफेल डील के मामले को लेकर प्रेस कान्फ्रेंस की थी। इसके बाद, प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने भी राफेल डील को लेकर मीडिया के सामने बात रखी थी। यही नहीं, कांग्रेस ने राज्य के 32 स्थानों का चयन करके अपने 39 प्रमुख नेताओं को वहां पर प्रेस कान्फ्रेंस करके केंद्र सरकार पर हमले बोलने के लिए कहा था। अब पार्टी प्रभारी को पांच हजार करोड़ का मानहानि का नोटिस मिला है। पार्टी प्रभारी अनुग्रह नारायण सिंह ने नोटिस मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि उन्हें 12 अगस्त को यह नोटिस प्राप्त हुआ है, जिसका वह जवाब देने जा रहे हैं।
राफेल डील पर देश के साथ धोखा किया गया है। कांग्रेस इस धोखेबाजी को जनता के सामने लाने के लिए संकल्पबद्घ है। मानहानि का नोटिस देकर डराने के जो प्रयास किए जा रहे हैं, उसे जनता अच्छी तरह से समझती है। राफेल डील का विरोध कांग्रेस की तरफ से जारी रहेगा।
-अनुग्रह नारायण सिंह, प्रदेश प्रभारी, कांग्रेस