उत्तराखंड : बड़ा सवाल, जूनियर पुष्कर सिंह धामी की कप्तानी में कितने मनोयोग से खेलेंगे सीनियर
विधानमंडल दल की बैठक के बाद से ही इन दिग्गज नेताओं की भाव भंगिमा बहुत कुछ इशारा कर रही हैं। इस नाराजगी को भांपते हुए केंद्रीय नेतृत्व ने भी नेताओं से संपर्क साधना शुरू कर दिया है।
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प्रदेश के सबसे कम उम्र के पहले मुख्यमंत्री बने पुष्कर सिंह धामी को केंद्रीय नेतृत्व ने जिस टीम का कप्तान बनाया है, उसमें कई सीनियर खिलाड़ी हैं। सत्ता की पिच पर जूनियर धामी की कप्तानी में सीनियर नेता कितने मनोयोग से खेलेंगे, ये देखना दिलचस्प होगा।
विधानमंडल दल की बैठक के बाद से ही इन दिग्गज नेताओं की भाव भंगिमा बहुत कुछ इशारा कर रही हैं। इस नाराजगी को भांपते हुए केंद्रीय नेतृत्व ने भी नेताओं से संपर्क साधना शुरू कर दिया है। प्रदेश के 11 वें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के पास बहुत कम समय है और उनके सामने चुनौतियां का पहाड़ है। जिसमें वरिष्ठ नेताओं को साधना भी कम बड़ी चुनौती नहीं है।
मुख्यमंत्री के पद के लिए सतपाल महाराज, डॉ. हरक सिंह रावत, सुबोध उनियाल, बिशन चुफाल सहित कई नेताओं के नाम प्रबल दावेदारों में शुमार थे, लेकिन नए मुख्यमंत्री को लेकर शनिवार की सुबह पहले बीजापुर गेस्ट हाउस में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के बीच चर्चा हुई। जिसे भाजपा मुख्यालय में हुई विधानमंडल दल की बैठक में अंतिम रूप दिया गया।
मीडिया से बात किए बिना सीधे निकल गए कुछ नेता
बैठक में पुष्कर सिंह धामी के नाम का एलान होते ही कुछ वरिष्ठ नेताओं की भाव भंगिमा बदल गई। बीजापुर गेस्ट हाउस में नए सीएम के चुनाव को लेकर बार-बार ‘पार्टी हाईकमान का निर्णय सर्वोपरि होगा’ दोहराने वाले कुछ नेता भाजपा मुख्यालय में हुई बैठक के बाद मीडिया से बात किए बिना सीधे निकल गए। इससे अंदरूनी असंतोष की चर्चाओं को बल मिला।
सूत्रों के मुताबिक केंद्रीय नेतृत्व ने इस नाराजगी को भांपते हुए इन नेताओं से संपर्क साधना शुरू कर दिया। केंद्रीय नेतृत्व की ओर से इन नेताओं से नए सीएम का सहयोग करने की बात कही गई है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की इस नाराजगी से आने वाले दिनों में नई हलचल देखने को मिल सकती है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि चुनावी साल में नेतृत्व को कांग्रेस से मुकाबले के लिए वरिष्ठ एवं अनुभवनी नेता को कमान सौंपनी चाहिए थी। हालांकि चुनावी साल में दिग्गजों को किनारे कर भाजपा ने युवा चेहरे पुष्कर सिंह धामी पर भरोसा जताया।
लखनऊ विवि में रहे छात्र संघ अध्यक्ष
पुष्कर सिंह धामी राज्य के सबसे कम आयु (45 वर्ष) के मुख्यमंत्री होंगे। लखनऊ विश्वविद्यालय से छात्र राजनीति शुरू कर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री बनने वाले वह सबसे युवा राजनीतिज्ञ हैं। वह लखनऊ विश्वविद्यालय में छात्र संघ के अध्यक्ष रहे हैं।