Uttarakhand: कार्बेट टाइगर रिजर्व के 10 और बाघ राजाजी टाइगर की बनेंगे शान, पश्चिम हिस्से में भेजने की योजना
राजाजी टाइगर के पश्चिम हिस्से में दस बाघों को भेजने की योजना है। आरटीआर के पश्चिम भाग में विभिन्न कारणों से बाघों की संख्या बेहद कम थी, जबकि भूभाग काफी बड़ा है।
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कार्बेट टाइगर रिजर्व के 10 और बाघ राजाजी टाइगर रिजर्व की शान बनेंगे। वन महकमा भविष्य में चरणबद्ध तरीके से बाघों को राजाजी टाइगर रिजर्व (आरटीआर) के पश्चिम हिस्से में भेजने की योजना पर विचार कर रहा है। इससे मानव-वन्यजीव संघर्ष भी कम करने में मदद मिलने की बात अधिकारी कह रहे हैं।
राजाजी टाइगर रिजर्व का पूर्वी हिस्सा कार्बेट टाइगर रिजर्व से जुड़ा है। यहां पर तो बाघों की संख्या ठीक (वर्तमान में 50 तक संख्या होने का अनुमान) है। आरटीआर के पश्चिम भाग में विभिन्न कारणों से बाघों की संख्या बेहद कम थी, जबकि भूभाग काफी बड़ा है। ऐसे में यहां पर वर्ष-2019 से बाघों को ट्रांसलोकेट करने का काम शुरू किया गया। इसके पीछे बाघों की संख्या में इजाफा होने की भी उम्मीद भी थी।
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इसी योजना के तहत कार्बेट टाइगर रिजर्व से बाघों को राजाजी टाइगर रिजर्व में एक नर और तीन मादा बाघिन को आरटीआर में छोड़ा गया। अब एक और नर बाघ को छोड़ा गया है। वनाधिकारियों के अनुसार भविष्य में 10 तक बाघों को चरणबद्ध तरीके से आरटीआर में भेजने की संभावना है।