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Dehradun News: बजट पर हर वर्ग के लोगों ने दी मिलीजुली प्रतिक्रिया
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Iप्रदेश सरकार की ओर जारी किए गए बजट पर लोगों ने मिलीजुली प्रतिक्रिया दी है। कई लोगों का कहना है कि यह बजट अर्थव्यवस्था की दृष्टि बढि़या है, तो कई लोगों ने इसमें खामियां बताई हैं। सरकार ने इस बजट में सभी ख्याल नहीं रखा है। किसी को ज्यादा लाभ पहुंचा है तो किसी को थोड़ा लाभ मिला है।I
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Iउत्तराखंड सरकार के बजट में प्रदेश के समग्र विकास को दृष्टिगत रखते हुए राज्य की अर्थव्यवस्था में सुधार लाने का रोड मैप तैयार करने का प्रयास किया गया है। बजट सशक्त उत्तराखंड की दिशा में सराहनीय प्रयास है। बजट युवा शक्ति कल्याण पर केंद्रित है।
-डाॅ. रवींद्र सैनी, शिक्षाविद्
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बजट में ग्रामीण क्षेत्रों में स्टेडियम निर्माण की बात कही गई है। जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को आगे आने का मौका मिलेगा। मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक बालिका प्रोत्साहन योजना से नारी शक्ति को महत्व दिया गया है। लघु उद्योगों को बढ़ावा मिलने से रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
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-अतुल शर्मा, शिक्षाविद्I
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Iबजट निराशाजनक व जन भावनाओं के विपरीत है। गत वर्ष की तुलना में बजट का आकार मात्र एक फीसदी बढ़ाया जाना सरकार की संकुचित वित्तीय दृष्टिकोण को दर्शाता है। बजट में बेरोजगारी, लचर स्वास्थ्य सेवा, शहरी विकास और ग्रामीण स्वच्छता के लिए कोई ठोस योजना प्रस्तुत नहीं की गई है। मध्य और सूक्ष्म उद्योगों और व्यापारों के लिए बजट का प्रावधान नाकाफी है।
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I-संजय जैन, व्यापारीI
Iबजट में हर वर्ग का ख्याल रखने का प्रयास किया गया है। बजट सभी के लिए कल्याणकारी है। गरीब वर्ग के लिए खेलकूद और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देना एक तरह से रोजगार पूरक बजट है। उद्योग व स्टार्टअप के लिए भी बजट अच्छा है।
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I-मनोज अग्रवाल, व्यापारी
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Iबजट में ग्रामीण स्तर से लेकर युवा खिलाड़ियों का ध्यान रखा गया है। ग्रामीण स्तरीय मिनी स्टेडियम से लेकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खेलों के लिए प्रतिभा को विकसित करने की दृष्टि से बजट में प्रावधान किया गया है।I
I-गुरप्रीत सिंह हैप्पी, युवा
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Iराज्य में युवाओं को रोजगार दिए जाने को लेकर बजट में अपेक्षाकृत अधिक प्रावधान किए जाने की आवश्यकता थी। युवा कल्याण, खेल, जनजाति कल्याण के लिए बजट में प्राविधान किया गया है, जो कि सरकार का सराहनीय कदम है।
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I-सचिन तोमर, युवा
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Iबजट लोकहित से जुड़ा है। गांव से लेकर अंतर्राष्ट्रीय खेलों के लिए, युवा कर्मकार को ध्यान में रखते हुए बजट में प्राविधान किए गए हैं। उच्च शिक्षा के लिए पर्याप्त बजट रखा गया है। कुल मिलाकर बजट विकास के पहिए को आगे बढ़ाएगा।
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I-विजय सिंह तोमर, उद्यमीI
Iगरीब और बेरोजगार को ध्यान में रखकर बजट तैयार किया गया है। युवाओं को रोजगार दिलाने के लिए छोटे-छोटे उद्योगों को ध्यान में रखते हुए बजट में प्राविधान किए गए हैं। बजट में बहुत सारी योजनाएं ऐसी हैं, जिससे बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा। बजट स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाला है।
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I-सुनील उनियाल, उद्यमी
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Iबजट में समाज के हर वर्ग का ध्यान रखा गया है। बालिकाओं के जन्म से लेकर पढ़ाई लिखाई तक का बजट में प्राविधान किया गया है। नंदा गौरा योजना, मां लक्ष्मी योजना, अल्पसंख्यक महिलाओं के लिए पुरस्कार योजना लागू कर सरकार ने महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया है।
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I-जेसिका अग्रवाल, महिलाI
Iबजट में महिला कल्याण के लिए 574 करोड़ की व्यवस्था की गई है। गंगा गाय डेरी विकास योजना के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की ओर सरकार ने कदम उठाए हैं। कुल मिलाकर बजट सभी वर्गाें के हित में है।
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I-पूनम चौहान, महिलाI
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Iउत्तराखंड सरकार के बजट में प्रदेश के समग्र विकास को दृष्टिगत रखते हुए राज्य की अर्थव्यवस्था में सुधार लाने का रोड मैप तैयार करने का प्रयास किया गया है। बजट सशक्त उत्तराखंड की दिशा में सराहनीय प्रयास है। बजट युवा शक्ति कल्याण पर केंद्रित है।
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-डाॅ. रवींद्र सैनी, शिक्षाविद्
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बजट में ग्रामीण क्षेत्रों में स्टेडियम निर्माण की बात कही गई है। जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को आगे आने का मौका मिलेगा। मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक बालिका प्रोत्साहन योजना से नारी शक्ति को महत्व दिया गया है। लघु उद्योगों को बढ़ावा मिलने से रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
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-अतुल शर्मा, शिक्षाविद्I
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Iबजट निराशाजनक व जन भावनाओं के विपरीत है। गत वर्ष की तुलना में बजट का आकार मात्र एक फीसदी बढ़ाया जाना सरकार की संकुचित वित्तीय दृष्टिकोण को दर्शाता है। बजट में बेरोजगारी, लचर स्वास्थ्य सेवा, शहरी विकास और ग्रामीण स्वच्छता के लिए कोई ठोस योजना प्रस्तुत नहीं की गई है। मध्य और सूक्ष्म उद्योगों और व्यापारों के लिए बजट का प्रावधान नाकाफी है।
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I-संजय जैन, व्यापारीI
Iबजट में हर वर्ग का ख्याल रखने का प्रयास किया गया है। बजट सभी के लिए कल्याणकारी है। गरीब वर्ग के लिए खेलकूद और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देना एक तरह से रोजगार पूरक बजट है। उद्योग व स्टार्टअप के लिए भी बजट अच्छा है।
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I-मनोज अग्रवाल, व्यापारी
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Iबजट में ग्रामीण स्तर से लेकर युवा खिलाड़ियों का ध्यान रखा गया है। ग्रामीण स्तरीय मिनी स्टेडियम से लेकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खेलों के लिए प्रतिभा को विकसित करने की दृष्टि से बजट में प्रावधान किया गया है।I
I-गुरप्रीत सिंह हैप्पी, युवा
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Iराज्य में युवाओं को रोजगार दिए जाने को लेकर बजट में अपेक्षाकृत अधिक प्रावधान किए जाने की आवश्यकता थी। युवा कल्याण, खेल, जनजाति कल्याण के लिए बजट में प्राविधान किया गया है, जो कि सरकार का सराहनीय कदम है।
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I-सचिन तोमर, युवा
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Iबजट लोकहित से जुड़ा है। गांव से लेकर अंतर्राष्ट्रीय खेलों के लिए, युवा कर्मकार को ध्यान में रखते हुए बजट में प्राविधान किए गए हैं। उच्च शिक्षा के लिए पर्याप्त बजट रखा गया है। कुल मिलाकर बजट विकास के पहिए को आगे बढ़ाएगा।
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I-विजय सिंह तोमर, उद्यमीI
Iगरीब और बेरोजगार को ध्यान में रखकर बजट तैयार किया गया है। युवाओं को रोजगार दिलाने के लिए छोटे-छोटे उद्योगों को ध्यान में रखते हुए बजट में प्राविधान किए गए हैं। बजट में बहुत सारी योजनाएं ऐसी हैं, जिससे बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा। बजट स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाला है।
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I-सुनील उनियाल, उद्यमी
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Iबजट में समाज के हर वर्ग का ध्यान रखा गया है। बालिकाओं के जन्म से लेकर पढ़ाई लिखाई तक का बजट में प्राविधान किया गया है। नंदा गौरा योजना, मां लक्ष्मी योजना, अल्पसंख्यक महिलाओं के लिए पुरस्कार योजना लागू कर सरकार ने महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया है।
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I-जेसिका अग्रवाल, महिलाI
Iबजट में महिला कल्याण के लिए 574 करोड़ की व्यवस्था की गई है। गंगा गाय डेरी विकास योजना के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की ओर सरकार ने कदम उठाए हैं। कुल मिलाकर बजट सभी वर्गाें के हित में है।
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I-पूनम चौहान, महिलाI