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यहां फोटो खींचना नहीं मना है!
प्रवेश कुमारी/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Mon, 08 Sep 2014 05:39 PM IST
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कहीं घूमने जाते हैं तो आपने अक्सर ‘यहां फोटो खींचना मना है’, जैसे बोर्ड देखे होंगे। लेकिन शायद अब आपको ये बोर्ड न दिखें।
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आपकी राय पर ASI तैयार करेगा गाइड लाइन
जी हां, अगर आप चाहते हैं कि संरक्षित स्मारकों, धरोहरों पर फोटोग्राफी हो या न हो तो इस बारे में आप अपनी राय से भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) को अवगत करा सकते हैं।
संस्थान संरक्षित स्मारकों पर होने वाली गतिविधियों के संबंध में नई गाइडलाइन तैयार कर रहा है, इस पर अंतिम मुहर पब्लिक बोल के बाद ही लगेगी। संस्थान की तरफ से विभिन्न मसलों पर पब्लिक की राय मांगी गई है।
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जिन बिंदुओं पर यह गाइड लाइन तैयार की जा रही है उसमें शामिल हैं, संरक्षित स्मारकों की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी, केंद्र संरक्षित स्मारकों पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन, संरक्षित स्मारकों के नजदीक अतिक्रमण हटाना, प्रोफेशनल फोटोग्राफरों को कैंपस में आपरेट कराया जाना, लाइट एंड साउंड शो का आयोजन शामिल है।
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यह राय या तो सीधे महानिदेशक कार्यालय को भेजी जा सकती है या फिर डायरेक्टर मान्यूमेंट्स को। अपनी राय आम जनता संस्थान के अधिकारियों तक ई-मेल के माध्यम से भी पहुंचा सकती है।
यहां भेज सकते हैं अपनी रायः dirmonu.asi@gmail.com