फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Uttarkashi News ›   mountaineer dead body found

मृतक पोलिश पर्वतारोही की डेड बॉडी मिली, दूसरे को नहीं कर पाए रेस्क्यू

Fri, 14 Oct 2016 07:05 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, उत्तरकाशी
ब्यूरो / अमर उजाला, उत्तरकाशी Updated Fri, 14 Oct 2016 07:05 PM IST
विज्ञापन
mountaineer dead body found
mountaineer

6543 मीटर की ऊंचाई पर स्थित शिवलिंग चोटी पर फंसे पोलैंड के दो पर्वतारोहियों मे से एक की कल रात पहाड़ी से फिसलने पर मौत हो गई थी।

विज्ञापन


बताया जा रहा है कि मृतक पोलिश पर्वतारोही लुकास्ज जॉन की डेड बॉडी शुक्रवार को तपोवन बेस कैंप पहुंचाया जा चुका है। हालांकि अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि डेड बॉडी को बेस कैंप से कहां पहुंचा जाए। शुक्रवार के पूरे दिन एनआईएम और पुलिस के किसी भी अधिकारी का संपर्क रेस्क्यू के लिए गई टीम से नहीं हो पाया है।
विज्ञापन


वहीं अब शविलिंग चोटी के सबमिट प्वाइंट की 6200 मीटर की ऊंचाई पर बेहोशी की हालत में पड़े दूसरे पर्वतारोही ग्रजेगुज माइकल की जिंदा रहने की संभावनाएं पुलिस अधिकारियों द्वारा कम ही बताई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


शुक्रवार देर शाम आईजी गढ़वाल परिक्षेत्र संजय गुंज्याल ने बताया कि शुक्रवार पूरे दिन रेस्क्यू के लिए गई टीम के किसी भी सदस्य से उनकी बातचीत नहीं हो पाई है। हालांकि इतना जरूर है कि जिस पोलिश पर्वतारोही की बृहस्पतिवार रात को पहाड़ी से गिरने से मौत हो गई थी। उसकी डेड बॉडी लेकर टीम तपोवन बेस कैंप तक पहुंच गई होगी। उन्होंने बताया कि पोलिश पर्वतारोही लुकास्ज जॉन की मौत की सूचना पोलिश दूतावास के जरिए उनके परिजनों तक पहुंचा दी गई है।

ग्रजेगुज माइकल के जिंदा रहने की संभावनाएं कम

mountaineer dead body found
mountaineer

इसके बाद परिजनों की ओर से जो भी सूचना मिलेगी, उस आधार पर डेड बॉडी को पहुंचाने का काम किया जायेगा। वहीं दूसरी ओर 6200 मीटर ऊंचाई पर बेहोशी की हालत में पड़े दूसरे पोलिश पर्वतारोही ग्रजेगुज माइकल के जिंदा रहने की कम ही संभावनाएं बताई जा रही है।

हालांकि उसे रेस्क्यू करने के लिए एसडीआरएफ और निम के साथ आर्मी की टीम कोशिश कर रही है। आईजी गढ़वाल संजय गुंज्याल ने बताया कि शनिवार को सैटेलाइट फोन से संपर्क होने पर ही आगे की स्थिति साफ हो पायेगी। वहीं दूसरी ओर एनआईएम के प्राचार्य कर्नल अजय कोठियाल का भी रेस्क्यू के लिए गई एनआईएम की टीम से संपर्क नहीं हो पाया है।

दरअसल इंडियन माउंटेनियरिंग फाउंडेशन के तत्वावधान में पोलैंड के पर्वतारोहियों का दल शिवलिंग पर्वत पर फतह करने के लिए 22 सितंबर को गंगोत्री से रवाना हुआ था। यहां से 24 सितंबर को दल तपोवन पहुंचा और 25 सितंबर को दल वहां से आगे बढ़कर 26 सितंबर को बेस कैंप होते हुए एडवांस बेस कैंप पहुंचा, लेकिन इसके बाद दल के दो सदस्य लुकास्ज जॉन व ग्रजेगुज माइकल बीमार पड़ गए।

बीते मंगलवार को दल का एक सदस्य वहां से वापस लौटकर उत्तरकाशी पहुंचा। इसकी सूचना उसने पोलैंड के दूतावास को दी, तो विदेश मंत्रालय के माध्यम से यह सूचना प्रशासन को मिली। इसके बाद पुलिस महानिरीक्षक संजय गुंज्याल की ओर से बुधवार को एसडीआरएफ के चार जवानों को पौलैंड के दो पर्वतारोहियों के साथ हेलीकाप्टर की सहायता से मौके के लिए रवाना किया गया। साथ ही आर्मी व एनआईएम की टीम भी इस अभियान में संयुक्त रूप से निकली थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed