काली कमाई रास नहीं आई तो सड़क पर ठेली लगाई
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
काली कमाई कभी रास नहीं आती है। एमडीडीए फ्लैट दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले जालसाज कपिल नागर पर यह कहावत सटीक बैठती है। लाखों रुपये आए तो जरूर, लेकिन मौजमस्ती में उड़ गए।
पुलिस से छिप रहे कपिल को गोवा में गुजर-बसर के लिए पाव भाजी की ठेली लगानी पड़ी।
सोमवार को बीवी और बेटी से मिलकर नागर दहाड़े मारकर रोता रहा। यह कहना मुश्किल है कि उसे अपनी गलती का अहसास है या फिर वह घडियाली आंसू बहा रहा था।
ट्रांजिट रिमांड पर दून लाई पुलिस
पटेलनगर पुलिस ने एमडीडीए फ्लैट के नाम पर काफी लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने वाला कपिल नागर चार दिन पहले गोवा में पकड़ा गया था। दून पुलिस नागर को ट्रांजिट रिमांड पर दून लाई थी।
ठगी का शिकार हुए लोगों ने थाने आकर अपनी रकम की दावेदारी की। दरअसल डेढ़ साल यह जालसाजी सामने आई तो कपिल नागर फरार हो गया था। कई माह पहले उसकी पत्नी ने थाने आकर पति की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पुलिस दूसरे नजदीकी रिश्तों के जरिये उसकी तलाश में गोवा तक पहुंची थी।
पुलिस ने सोमवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इंस्पेक्टर पटेलनगर रितेश शाह ने बताया कि आरोपी पूरी रकम मौज मस्ती में उड़ा दी है। बीवी भी आठ साल की बेटी के साथ दूसरे के घरों में साफ-सफाई कर खर्च चला रही थी।