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मंगलवार को होगा पवित्र मानसरोवर यात्रा का समापन
ब्यूरो / अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Mon, 08 Sep 2014 04:17 PM IST
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कैलास मानसरोवर यात्रा 2014 का नौ सितंबर को दिल्ली में विधिवत समापन हो जाएगा। कैलास मानसरोवर की यात्रा पूरी कर 618वें और अंतिम दल के 38 यात्री रविवार को पिथौरागढ़ पहुंच गए।
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उत्साह से भरे हैं दल के सदस्य
यह दल सोमवार को जागेश्वर होते हुए अल्मोड़ा जाएगा और नौ सितंबर को दिल्ली पहुंचेगा। यात्रा पूरी कर लौटे दल के सदस्य उत्साह से भरे हैं। वापसी में इनको किसी तरह की परेशानी नहीं हुई। बारिश कम होने से पैदल रास्ते लगभग ठीक थे।
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दल के लायजन आफीसर प्रेम सिंह ने बताया कि एक सप्ताह पहले जब उनका दल तिब्बत के डोलमा पास में था तो बर्फबारी शुरू हो गई। कई यात्रियों ने अपने जीवन में पहली बार हिमपात को होते देखा। उन्होंने कहा कि कैलास यात्रा से अद्भुत आनंद की अनुभूति होती है।
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हर व्यक्ति को यह प्रयास करना चाहिए कि एक बार अवश्य कैलास यात्रा करे। यहां कुमाऊं मंडल विकास निगम के पर्यटक आवासगृह में प्रबंधक दिनेश गुरुरानी ने यात्रियों का स्वागत किया। यात्रियों ने शाम को पिथौरागढ़ के आसपास के इलाकों का भ्रमण किया।
रास्तों के बंद होने की समस्या नहीं
इस बार कैलास मानसरोवर की यात्रा पर कुल 18 दल गए। सौभाग्य से किसी भी दल के साथ किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं आई। इस साल बारिश की मात्रा कम होने से रास्तों के बंद होने की समस्या भी नहीं रही। यात्रा सही सलामत संपन्न हो जाने पर जिलाधिकारी एचसी सेमवाल ने संतोष जताया है।
इस बार 903 यात्रियों को मिला दर्शनों का लाभ
पिथौरागढ़। कैलास मानसरोवर के दर्शन का लाभ इस बार 903 यात्रियों को मिला। इनमें 656 पुरुष और 247 महिलाएं शामिल हैं। सात यात्री स्वास्थ्य संबंधी कारणों से आधे रास्ते में ही यात्रा छोड़कर लौट आए थे।
इस बार यात्रा आठ जून से शुरू हुई थी। पहले दल में 40 पुरुष, 14 महिलाएं, दूसरे में 33 पुरुष, 15 महिलाएं, तीसरे में 39 पुरुष, 16 महिलाएं, चौथे में 46 पुरुष, 14 महिलाएं, पांचवें में 38 पुरुष, 13 महिलाएं, छठे में 43 पुरुष, 16 महिलाएं, सातवें में 37 पुरुष, 15 महिलाएं, आठवें में 26 पुरुष, 20 महिलाएं, नौवें में 30 पुरुष, 15 महिलाएं, दसवें में 40 पुरुष, 11 महिलाएं, 11वें में 39 पुरुष, 17 महिलाएं, 12वें में 39 पुरुष, 12 महिलाएं, 13वें में 34 पुरुष, 15 महिलाएं, 14वें में 36 पुरुष, 7 महिलाएं, 15वें में 37 पुरुष, 13 महिलाएं, 16वें में 34 पुरुष, 16 महिलाएं, 17वें में 35 पुरुष, 8 महिलाएं और अंतिम दल में 30 पुरुष और 10 महिलाएं शामिल हुई।
अंतिम दल के दो यात्री स्वास्थ्य खराब होने के कारण पहले ही लौट आए।