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हेलीकॉप्टर पर चढ़कर केदारनाथ पहुंचेगी मशीन
Updated Thu, 10 Jul 2014 09:50 PM IST
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प्रदेश के अपर मुख्य सचिव राकेश शर्मा ने अधिकारियों के साथ केदारनाथ का दौरा किया। उन्होंने वायुसेना के एमआई-26 हेलीकॉप्टर के लिए प्रस्तावित हेलीपैड की भूमि का निरीक्षण किया।
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केदारनाथ मंदिर और बाजार की सुरक्षा के लिए नदी किनारे सुरक्षा दीवारों का निर्माण किया जाना है। इसके अलावा खतरनाक हो चुके भवनों को भी गिराया जाना है।
एमआई 26 से जाएंगी मशीनें
इसके लिए धाम में भारी मशीनें पहुंचाई जानी है, लेकिन यह मशीनें विशालकाय मालवाहक हेलीकॉप्टर एमआई-26 से ही केदारनाथ तक पहुंचाई जा सकती हैं। यह मशीनें खोलकर गौचर हवाई अड्डे से केदारनाथ तक इसी हेलीकॉप्टर से पहुंचाई जाएंगी।
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इसी के मद्देनजर केदारनाथ धाम में 50 गुणा 100 मीटर क्षेत्रफल के हेलीपैड का निर्माण किया जाना है। हेलीपैड निर्माण की जिम्मेदारी निम (नेहरू पर्वतारोहण संस्थान) उत्तरकाशी को दी गई है।
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अपर सचिव ने किया निरीक्षण
कुछ दिन पूर्व डीएम डॉ. राघव लंगर ने हेलीपैड के लिए जमीन चिह्नित की थी। एमआई-17 की लैंडिंग केदारनाथ मंदिर से करीब 700 मीटर पहले होगी। इसी के समीप पूर्व में निर्मित हेलीपैड भी है। इसी चिह्नित जमीन का अधिकारियों ने निरीक्षण किया।
अपर मुख्य सचिव राकेश शर्मा, लोनिवि सचिव अमित नेगी, आपदा प्रबंधन सचिव भास्करानंद हेलीकाप्टर से यहां पहुंचे। डीएम डॉ. लंगर ने बताया कि हेलीपैड का निर्माण 15 अगस्त तक करने का लक्ष्य तय किया गया है।