उत्तराखंड : मेरे कहने से फर्क पड़ा, गुरुग्राम में नर्सों की देखरेख शुरू - हरीश रावत
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उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत का कहना है कि गुुरुग्राम में एक अस्पताल में भर्ती चार नर्सों के बारे में उन्हेंं अभिभावकों ने बताया था। बताया गया था कि चारों बच्चियां कोरोना पॉजिटिव हैं।
भाजपा के ट्वीट के जवाब में हरीश रावत ने कहा कि उन्हें भी यह बताया गया था कि कुछ को कोरोना पॉजिटिव के रूप में क्वारंटीन किया है। ईएसआई के बारे में यह भी जानकारी मिली कि प्रभावित नर्सों की सही से देखभाल नहीं हो रही है।
इसलिए सार्वजनिक रूप से ट्वीट किया। हरीश रावत ने कहा कि मेरे कहने से कम से कम इतना फर्क तो पड़ा कि अस्पताल में देखरेख की जा रही है। जिस संस्था में वो थीं उन्होंने भी कुछ सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं।
हरीश रावत के मुताबिक भाजपा के दोस्त अब उन्हें गिरफ्तार करवाने की धमकी दे रहे हैं। कहा कि लगता है भाजपा अहंकारी पार्टी हो गई है। कानून लोगों की हिफाजत के लिए होता है, राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को दबाने के लिए नहीं।
कांग्रेस ने मांगा किसानों के लिए सौ करोड़
वहीं कांग्र्रेस ने प्रदेश सरकार से कहा है कि राज्य में ओलावृष्टि और अधिक बारिश से फसल के नुकसान को देखते हुए किसानों के लिए सौ करोड़ रुपए का पैकेज दिया जाए।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है। सरकार को तुरंत दैवीय आपदा घोषित करते हुए किसानों के लिए आर्थिक पैकेज घोषित करना चाहिए।
प्रदेश का कृषि विभाग 26 करोड़ रुपए के नुकसान का दावा कर रहा है। जबकि सतही आकलन भी इससे कहीं अधिक नुकसान का है। इसकी भरपाई के लिए सरकार को सौ करोड़ रुपए का पैकेज जारी करना चाहिए।