हरिद्वार जिला अस्पताल: इलाज के लिए धक्के खा रहे मरीज, जमीन पर लेटने को हो रहे मजबूर
मरीज के पिता का कहना है कि, 'हमें एक काउंटर से दूसरे काउंटर पर भेजा जा रहा है। हमें बोला गया कि डॉक्टर अपने मन से आएंगे।
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हरिद्वार जिला अस्पताल के हाल बेहाल हैं। मरीजों का आरोप है कि ओपीडी में डॉक्टर देरी से बैठते और तय समय से पहले उठ जाते हैं। एक मरीज के पिता ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि, 'हमें एक काउंटर से दूसरे काउंटर पर भेजा जा रहा है। हमें बोला गया कि डॉक्टर अपने मन से आएंगे। अगर ऐसे में किसी मरीज की मृत्यु हो जाए तो जिम्मेदार कौन होगा?"
वहीं, इस मामले में सीएम चंदन सिंह मिश्रा का कहना है कि अगर गेट पर कोई मरीज पड़ा है तो उसके लिए क्या कहें? हम सबका पकड़कर इलाज तो नहीं करेंगे, जो इलाज मांगेगा उसको इलाज देंगे। हम इमरजेंसी को सूचित कर देते हैं कि मरीजों को देख लें। अगर मरीज गेट पर आ सकता है तो इमरजेंसी में भी आ सकता है।
अगर गेट पर कोई मरीज पड़ा है तो उसके लिए क्या कहें? हम सबका पकड़कर इलाज तो नहीं करेंगे, जो इलाज मांगेगा उसको इलाज देंगे। हम इमरजेंसी को सूचित कर देते हैं कि मरिजों को देख लें। अगर मरीज गेट पर आ सकता है तो इमरजेंसी में भी आ सकता है: चन्दन सिंह मिश्रा, CMS, ज़िला अस्पताल, हरिद्वार pic.twitter.com/uggw8rLLDQ
विज्ञापन विज्ञापन— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 25, 2022