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बढ़ते तापमान के साथ बढ़ी आग की घटनाएं: उत्तराखंड में 13 जगह लगी जंगलों में आग, 14 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित
Sun, 10 Apr 2022 06:47 PM IST
रेनू सकलानी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: रेनू सकलानी
Updated Sun, 10 Apr 2022 06:47 PM IST
सार
प्रदेश में वनाग्नि की कुल 298 घटनाएं रिपोर्ट की जा चुकी हैं, जिसमें 355 हेक्टेयर वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचा है।
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उत्तराखंड के चमोली देवाल के सरकोट के जंगलों में लगी आग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
प्रदेश में बढ़ते तापमान के साथ लगातार जंगलों में आग की घटनाएं हो रही हैं। बीते 24 घंटे में गढ़वाल और कुमाऊं में 13 स्थानों पर जंगलों में आग की घटनाएं रिपोर्ट की गई हैं। मुख्य वन संरक्षक कार्यालय वनाग्नि एवं आपदा प्रबंधन कार्यालय की ओर से जारी बुलेटिन के अनुसार शनिवार को गढ़वाल में आठ और कुमाऊं में पांच स्थानों पर आग लगने की घटनाएं हुईं।
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दोनों ही रेंजों में आरक्षित वन क्षेत्रों में आग लगी। इसमें 14.18 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है, जबकि 35 हजार रुपये से अधिक के आर्थिक नुकसान का आकलन किया गया है। मुख्य वन संरक्षक वनाग्नि एवं आपदा प्रबंधन निशांत वर्मा ने बताया कि वनों की आग पर काबू पाने के लिए विभाग के स्तर से हर तरह के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से भी वनाग्नि के प्रति सजग रहने की अपील की है।
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वर्मा ने बताया कि अब प्रदेश में वनाग्नि की कुल 298 घटनाएं रिपोर्ट की जा चुकी हैं, जिसमें 355 हेक्टेयर वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने वनाग्नि की किसी भी घटना के प्रकाश में आने पर तुरंत सूचना देनेे की लोगों से अपील की है। ताकि वक्त रहते वनाग्नि पर काबू पाया जा सके।