फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   flood in dehradun

अभी भी कटा हुआ है दर्जनों गांवों से संपर्क

Mon, 18 Aug 2014 12:09 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून Updated Mon, 18 Aug 2014 12:09 PM IST
विज्ञापन
flood in dehradun

देहरादून की बांदल वैली में बादल फटने से हुई तबाही की पूरी तस्वीर अभी तक साफ नहीं हो पाई है।

विज्ञापन


जिला प्रशासन से कोई राहत नहीं पहुंची

धनौल्टी ब्लॉक के कई गांव टिहरी जिले में आते हैं, लेकिन भारी तबाही के बावजूद जिला प्रशासन से कोई राहत प्रभावित क्षेत्र में नहीं पहुंची है।

रविवार को सरखेत से ऊपर कुछ किलोमीटर तक ही वैकल्पिक मार्ग बन पाया। वहीं शेरकी सिल्ला मार्ग भी दस किलोमीटर तक क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे करीब 30 गांवों का संपर्क पूरी तरह से कट गया है।

सरखेत गांव में सड़क नदी में समा गई है। सरखेत से ऊपर देहरादून और टिहरी जिले के शेरकी, ताछिला, छमरोली, फुलेथ, भैंसवाड़ा सैण, भैंकलीखाला, छोटी छमरोली, कोलठियाना, कखवाड़ी, सिनयारी, क्यारा, गोट, जमठियाल गांव, भूत्सी, सरोना आदि गांव का संपर्क रविवार को भी पूरी तरह से कटा रहा।
विज्ञापन


भैंसवाण सैंण निवासी मंशा राम उनियाल ने बताया कि अभी जिला प्रशासन और एसडीआरएफ की टीम केवल सरखेत और उसके आसपास स्थित गांवों तक पहुंच सकी है।

सबसे ज्यादा नुकसान धनौल्टी विधानसभा क्षेत्र में पड़ने वाले आधा दर्जन गांवों में हुआ है। लेकिन वहां अभी तक कोई राहत नहीं पहुंची है।

उधर, रविवार को कुछ ही गांवों में नुकसान का आकलन हो पाया। कुलेथ निवासी कमल नैन ममगाईं व भवन दत्त ममगाईं का मकान बह गया है।

धनौल्टी ब्लाक से नायब तहसीलदार मंजीत सिंह के नेतृत्व में टीम ने सीतापुर तल्ला व मल्ला गांव, ताल गांव, रगड़ गांव, धौनागिरी व सिल्ला सेना का दौरा किया।

पूरी अर्थव्यवस्था चौपट

बांदल वैली के गांवों की आजीविका पूरी तरह से खेती पर निर्भर है। इन गांवों में प्रमुख तौर पर अदरक, दालें व सब्जियों की खेती होती है और यह फसलें देहरादून सब्जी मंडी पहुंचती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


लेकिन संपर्क मार्ग टूटने और खेतों में हुई भारी कटाव से क्षेत्र की पूरी अर्थव्यवस्था चरमरा गई है।

कैसे जाएंगे स्कूल
इन गांवों से बच्चे राजकीय इंटर कॉलेज भगद्वारीखाल पढ़ने आते हैं। जबकि 12वीं के बाद छात्र देहरादून में डीएवी और डीबीएस कॉलेज आते हैं। लेकिन सरखेत से ऊपर सड़क टूट जाने के कारण छात्र स्कूल या कॉलेज नहीं पहुंच पाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed