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विस सत्र के पहले दिन जनता झेलेगी फजीहत
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Mon, 24 Nov 2014 09:03 AM IST
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सोमवार से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र के मद्देनजर पुलिस ने ट्रैफिक प्लान तैयार कर लिया है।
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सत्र के दौरान जुलूस, प्रदर्शन की स्थिति में कई प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्ट कर दिया जाएगा। ऐसे में लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ सकती है। पुलिस ने विधानसभा के आसपास तीन स्थानों पर बैरिकेडिंग लगाए हैं।
यहां पर लगेंगे बैरियर
रिस्पना पुल, हरिद्वार बाईपास, शास्त्रीनगर
जुलूस निकला तो यह होगा रूट
- मसूरी से हरिद्वार, ऋषिकेश जाने वाले वाहन रिंग रोड का प्रयोग करते हुए सहस्त्रधारा रोड, रायपुर रोड होते हुए जोगीवाला की ओर से जाएंगे।
- मसूरी, राजपुर की ओर से आईएसबीटी जाने वाले वाहन राजपुर रोड से घंटाघर-सहारनपुर चौक होते हुए जाएंगे।
- आराघर की ओर से हरिद्वार जाने वाले वाहन नेहरू कालोनी स्थित डिपार्टमेंटल स्टोर चौराहा से पुलिया नंबर छह होकर जोगीवाला होते हुए हरिद्वार जाएंगे।
- धर्मपुर चौक से आईएसबीटी जाने वाला यातायात धर्मपुर चौक से माता मंदिर रोड होते हुए पुरानी बाईपास चौकी से आईएसबीटी पहुंचेगा।
- मोहकमपुर की ओर से देहरादून, मसूरी आने वाले वाहन जोगीवाला छह नंबर पुलिया से रिंग रोड होते हुए जाएंगे।
- रिस्पना से शहर की ओर आने वाला वाहन बाईपास चौकी अथवा आईएसबीटी की ओर से आएंगे। मोथरोवाला तिराहा से बाईपास रोड की ओर केवल दोपहिया वाहन ही जाएंगे।
राज्य आंदोलनकारियों ने भरी हुंकार
विधानसभा सत्र के दौरान अपनी मांगें मनवाने के लिए राज्य आंदोलनकारी मुखर हो गए हैं। सत्र में आरक्षण एक्ट लाने समेत विभिन्न मांगों के लिए रविवार को उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों मंच ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्क पर धरना दिया।
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धरने में मंच के अध्यक्ष जगमोहन सिंह नेगी ने कहा कि नौ नवंबर को राज्य स्थापना दिवस पर मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कचहरी स्थित शहीद स्मारक में बैठे आंदोलनकारियों को जरूरत से ज्यादा देने की घोषणा की थी।
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साथ ही आधी रात में मांगें पूरी करने का आश्वासन भी दिया, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। आंदोलनकारियों ने राज्य आंदोलनकारियों के वर्गीकरण को समाप्त करने की मांग की। साथ ही 10 फीसदी आरक्षण का एक्ट बनाकर सत्र में पास करने, एक समान पेंशन, चिन्हिकरण के लंबित प्रार्थना पत्रों का निस्तारण करने की मांग की।
धरने में उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तराखंड कौशल्या संघर्ष वाहिनी, उत्तराखंड राज्य निर्माण सेनानी मंच, उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी संयुक्त परिषद आदि संगठन एक साथ दिखाई दिए।
इस दौरान वेद प्रकाश शर्मा, ओमी उनियाल, रामलाल खंडूड़ी, डीएस गुसाईं, विनोद असवाल, देवी गोदियाल, सुरेंद्र कुकरेती, उर्मिला शर्मा, सुलोचना भट्ट, रुकम पोखरियाल, गणेश शाह, प्रभात डंडरियाल आदि मौजूद थे।
विधानसभा पर बोलेंगे हल्ला
उत्तराखंड राज्य निर्माण चिन्हित आंदोलनकारी मंच ने पेंशन और महिलाओं के लिए सुविधा सहित अन्य मांगों के लिए 24 नवंबर को विधानसभा घेराव की चेतावनी दी है। मंच के प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह भंडारी ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन की बात कही है।
सीएम आवास घेराव की चेतावनी
उत्तराखंड राज्य चिन्हित आंदोलनकारी संगठन ने पेंशन, आरक्षण आदि मांग पूरी न होने पर मुख्यमंत्री आवास घेराव की चेतावनी दी है। अध्यक्ष चिंतन सकलानी ने कहा कि राज्य बनने के बाद विधायक और नेताओं ने आंदोलनकारियों की सुध नहीं ली।
उन्होंने मुख्यमंत्री आवास घेराव की चेतावनी दी। इस दौरान नर्वदा नेगी, प्रमिला रावत, उषा नेगी, शीला ध्यानी, जगदीश सिंह, शकुंतला रावत, लोक बहादुर थापा, जगमोहन रावत आदि मौजूद थे।