{"_id":"e1656dd85b2971f9531b79d37f26ee98","slug":"fight-between-mla-and-chairman","type":"story","status":"publish","title_hn":"नेता लड़ते रहे, बच्चे ने फहरा दिया तिरंगा..","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नेता लड़ते रहे, बच्चे ने फहरा दिया तिरंगा..
मसूरी/ब्यूरो
Updated Sat, 17 Aug 2013 01:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजादी की 67वीं वर्षगांठ पर गांधी चौक पर आयोजित सार्वजनिक ध्वजारोहण कार्यक्रम में तिरंगा फहराने को लेकर विधायक गणेश जोशी और नगर पालिकाध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल के बीच गालीगलौज और हाथापाई होने से पहाड़ों की रानी शर्मसार हो गई।
विज्ञापन
स्कूली बच्चे भी हैरान
जिस तिरंगे के नीचे देश के आन-बान-शान की कसम ली जाती है। उसी तिरंगे के नीचे जनप्रतिनिधियों की अशोभनीय हरकत से स्कूली बच्चे भी हैरान नजर आए।
माननीयों की हरकत पर सोशल मीडिया में भी तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिली। इससे भी नेताओं ने सबक नहीं लिया और बचाव की मुद्रा में अधिकारियों के साथ ही एक-दूसरे पर दोष मढ़ते नजर आए।
विज्ञापन
प्रयास नहीं आए काम
हाथापाई रोकने के लिए पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला और पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल के प्रयास भी काम नहीं आ सके। आम से लेकर खास, बच्चों से लेकर बुजुर्ग सभी ने इस हरकत को तिरंगे का अपमान करार दिया। अधिकांश ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग उठाई है।
विज्ञापन
अलबत्ता, नगर के सरकारी और गैर सरकारी प्रतिष्ठानों में सादगी से स्वतंत्रता दिवस मनाया गया। उत्तराखंड में आई आपदा के चलते सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं किए गए।
बच्चे ने फहराया तिरंगा
विधायक और अध्यक्ष के टकराव के बाद निर्धारित समय से दस मिनट पहले ही ध्वजारोहण किया गया। समय से पहले ही विधायक गणेश जोशी और पालिकाध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल ध्वजारोहण स्थल पर पहुंच गए। दोनों के बीच टकराव होता रहा। इतने में कुछ लोगों ने ढाई साल के बच्चे रिदम रमोला से झंडा फहरा दिया।
घटना की तीखी निंदा
पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला, पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल समेत कई संगठनों ने इस घटना को अलोकतांत्रिक, राष्ट्रध्वज का अपमान करार दिया। सीपीआई ने उपजिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन भेजकर दोनों जनप्रतिनिधियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की।
सामाजिक कार्यक्रमों में बहिष्कार की मांग
इतिहासकार गोपाल भारद्वाज और राज्य आंदोलनकारी अनिल गोदियाल ने घटना की निंदा करते हुए ऐसे जनप्रतिनिधियों के सामाजिक कार्यक्रमों में बहिष्कार की मांग की है।
तिरंगे के अपमान पर थाने में तहरीर
स्थानीय नागरिक बिल्लू बाल्मीकि ने थाने में जनप्रतिनिधियों द्वारा तिरंग के अपमान पर मुकदमा कायम करने को तहरीर दी है।
इनकी भी सुनिए
स्वतंत्रता दिवस की तैयारी बैठक में उपजिलाधिकारी कार्यालय में ध्वजारोहण के लिए मेरे नाम पर सहमति बनी थी। उसमें विधायक का कोई जिक्र नहीं था। घटना शर्मनाक हुई इसके लिए खेद है। उपजिलाधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
-मनमोहन सिंह मल्ल, पालिकाध्यक्ष
सार्वजनिक ध्वजारोहण में क्षेत्रीय विधायक ही ध्वज फहराते आए हैं। इसलिए तिरंगा विधायक को ही फहराना था। घटना पर अफसोस है।
-गणेश जोशी, विधायक
स्वतंत्रता दिवस पर मैं देहरादून में थे। उससे पूर्व पूरा जिम्मा अधिशासी अधिकारी पीएस रावत को देकर गया था।
-एनएस डांगी, एसडीएम मसूरी
फेसबुक पर अपनी राय देने के लिए यहां क्लिक करें