देहरादून: एयरफोर्स अफसर बनकर युवाओं को ठगने वाला गिरफ्तार, आर्मी कैंपस में घुसकर ले रहा था गोपनीय सूचनाएं
- फर्जी आईकार्ड, मुहर, मेडल और वर्दी बरामद, चार पीड़ित भी आए एसटीएफ के सामने
- सैन्य क्षेत्र में घुसने और गोपनीय सूचनाएं हासिल करने की भी कर रहा था कोशिश
- एसटीएफ ने पटेलनगर क्षेत्र की निरंजनपुर मंडी से किया गिरफ्तार
विस्तार
युवाओं को सेना में भर्ती का झांसा देकर ठगने वाला फर्जी एयरफोर्स अफसर एसटीएफ के हत्थे चढ़ा है। आरोपी के पास से फर्जी आईकार्ड, मुहर, मेडल और वर्दी बरामद हुई है। उसके द्वारा ठगे गए युवक भी एसटीएफ के सामने आए हैं।
इनकी शिकायत पर पटेलनगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने आर्मी कैंपस में भी घुसने का प्रयास किया और कुछ गोपनीय सूचनाएं भी हासिल करने की कोशिश की है। इन सब मामलों की एसटीएफ जांच कर रही है।
डीआईजी एसटीएफ रिद्धिम अग्रवाल ने बताया कि एसटीएफ को आरोपी के बारे में जानकारी मिली थी। बताया जा रहा था कि कुछ युवाओं के साथ नौकरी के नाम पर ठगी हुई है। इस पुख्ता सूचना के आधार पर एसटीएफ के डीएसपी अंकुश मिश्रा के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई थी। टीम ने जांच के बाद सोमवार को उसे निरंजनपुर मंडी से गिरफ्तार कर लिया।
कई लाख की ठगी करने का अंदेशा
पूछताछ में उसने अपना नाम आशुतोष पाठक पुत्र उमेश पाठक निवासी नॉटन पल्ली, रीजेंट पार्क, जिला दक्षिणी 24 परगना कोलकाता बताया है। वह यहां एक महीने से रह रहा था। उसके पास से कुछ परिचय पत्र, दो मोबाइल फोन, आर्मी व एयरफोर्स की वर्दी, एक मुहर और कई दस्तावेज बरामद हुए हैं।
पूछताछ में उसने यह भी बताया कि वह आर्मी कैंपस में घुसने का प्रयास कर रहा था। इस बारे में गहनता से पूछताछ की जा रही है। फिलहाल आशुतोष के खिलाफ पटेलनगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मंगलवार को उसे पटेलनगर पुलिस न्यायालय में पेश करेगी।
शुरुआती पूछताछ में चार पीड़ित युवक एसटीएफ के सामने आए हैं। बताया जा रहा है कि इसने कई दर्जन युवाओं से ठगी की है। इन युवाओं से उसने कई लाख रुपये ठगे हैं अभी और भी पीड़ितों के सामने आने की संभावना है।