Coronavirus in Uttarakhand: पहाड़ से लेकर मैदान तक फैला संक्रमण, 3000 पहुंची एक्टिव केस की संख्या
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड में कोरोना संक्रमित मामलों की रफ्तार बढ़ रही है। शनिवार को मैदान से लेकर पहाड़ तक कोरोना संक्रमण का प्रभाव दिखाई दिया। चमोली को छोड़ कर बाकी 12 जिलों में संक्रमित मामले सामने आए हैं। प्रदेश में सक्रिय मामलों की संख्या तीन हजार पहुंच गई है। हरिद्वार जिले में सबसे अधिक 926 एक्टिव केस हो गए हैं।
प्रदेश में कोरोना संक्रमण का पहला मामला 15 मार्च को मिला था। अनलॉक-दो (1 से 31 जुलाई) में प्रदेश में कोरोना संक्रमित मामलों में तेजी आई है। वहीं, अब रोजाना कोरोना संक्रमित मरीजों की मौत के मामले भी सामने आ रहे हैं। हालांकि, अभी तक प्रदेश में हुई संक्रमितों की मौत का कारण कोरोना नहीं पाया गया है।
यह भी पढ़ें: Coronavirus in Uttarakhand : अब प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाएगी घर की बनी रोटी, वैज्ञानिकों ने विकसित की प्रजाति
शनिवार को मैदानी जिले में नैनीताल, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और देहरादून के साथ ही पर्वतीय जिलों में भी कोरोना संक्रमित मामले मिले हैं। चमोली जिले में कोई संक्रमित मामला नहीं मिला है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से शनिवार देर शाम जारी रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में अब तक संक्रमितों का आंकड़ा 7400 पार हो गया है। इसमें 4330 मरीज ठीक हो चुके हैं। सक्रिय मामले तीन हजार पहुंच गए हैं।
एक्टिव केस के मामले में देहरादून प्रदेश में चौथे पायदान पर पहुंचा
देहरादून जिले के लिए यह राहतभरी खबर है। दून एक्टिव केस के मामले में प्रदेश के मैदानी इलाकों में तीसरे से अब चौथे पायदान पर पहुंच गया है। वहीं जिले में कोरोना संक्रमण का डबलिंग रेट भी 19 दिन से बढ़कर अब 30 दिन हो गया है। बता दें कि प्रदेश में सर्वाधिक 36,731 कोरोना टेस्ट दून के लोगों के हुए हैं।
कोरोना संक्रमण को लेकर प्रदेश के मैदानी जिलों में दून की स्थिति में सुधार हुआ है। जिले में मौजूदा समय में 394 एक्टिव केस हैं। जबकि नैनीताल में 508, ऊधमसिंह नगर में 809 और हरिद्वार जिले में 926 एक्टिव केस हैं। दून में सबसे अधिक 36731 कोरोना टेस्ट हुए हैं। जो कि प्रदेश में सबसे ज्यादा हैं।
हरिद्वार में 25522, ऊधमसिंह नगर में 24282 और नैनीताल में 10341 कोरोना टेस्ट हुए हैं। मौजूदा समय में दून में कोरोना मरीजों का डबलिंग रेट अब पहले से बेहतर हुआ है। पहले कोरोना मरीज जिले में 19 दिन में डबल हो रहे थे, लेकिन अब 30 दिन में दोगुने हो रहे हैं। जबकि 25 जुलाई को दून प्रदेश में तीसरे स्थान पर था।
कॉल सेंटरों से मिली मदद
देहरादून के डीएम डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव के निर्देश पर जिले में विभिन्न स्तरों पर एक्टिव सर्विलांस के लिए तीन कॉल सेंटर बनाए गए थे। जिसके जरिए आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के साथ ही सेक्टर अधिकारियों की तैनाती की गई। यह सर्विलांस कर अपनी रिपोर्ट सीधे जिलाधिकारी को देते हैं।
इसके अलावा होम क्वारंटीन किए गए लोगों के स्वास्थ्य आदि की जानकारी, कोविड-19 से ठीक होकर घर लौटें लोगों के स्वास्थ्य की जानकारी लेने के साथ ही को-मोर्बिडिटी अवस्था वाले लोगों से फोन पर संपर्क कर स्वास्थ्य जानकारी भी ली जा रही है। इस व्यवस्था से भी प्रशासन को कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने में मदद मिली।
लोगों की सतर्कता के चलते दून में स्थिति नियंत्रण में है। प्रशासन के साथ ही पुलिस और स्वास्थ्य महकमा भी एक्टिव है। मैदानी इलाकों में दून चौथे पायदान पर मौजूद हैं। जिले में क्वारंटीन, मॉनीटरिंग से लेकर उपचार तक की बेहतर व्यवस्था बनाई गई है। इसी का नतीजा है कि मामले कम हो रहे हैं। कोरोना संक्रमितों के सही होने की दर तेजी से बढ़ रही है।
-डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव, जिलाधिकारी