देहरादून : एनआरसी, सीएए के विरोध में सड़क पर उतरी कांग्रेस, धड़ों के एकजुट होने से दिखी ताकत
- कांग्रेस भवन से पलटन बाजार होते हुए निकाला मार्च
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भारत बचाओ, संविधान बचाओ के तहत शनिवार को कांग्रेसी राजधानी दून की सड़कों पर उतर आए। इस प्रदर्शन के जरिये कांग्रेस ने अलग-अलग धड़ों की एकजुटता भी दिखाई। इसी का सबब रहा कि कांग्रेस पदयात्रा में भीड़ जुटा ले गई। प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि कांग्रेस 2022 और 2024 के चुनाव के लिए तैयार है।
कांग्रेस भवन में पदयात्रा से ठीक पहले हुई सभा में कांग्रेस नेताओं ने केेंद्र के साथ ही प्रदेश सरकार को भी निशाने पर लिया। कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर संविधान को कमजोर करने का आरोप लगाया तो राज्य सरकार पर प्रदेश के विकास, रोजगार आदि मुद्दों पर कुछ न करने का आरोप जड़ा।
सभा में हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई आदि की एकता के नारे लगे और नेताओं ने कहा कि भाजपा को देश का सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने नहीं दिया जाएगा। यहां कांग्रेसी नेता विजय सारस्वत और युवा नेता संग्राम सिंह पुंडीर ने संचालन किया। करीब एक घंटे की सभा के बाद कुमाऊं, गढ़वाल मंडलों से आए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दून में मार्च किया। यह मार्च राजपुर रोड स्थित कांग्रेस भवन से शुरू होकर घंटाघर, दर्शन लाल चौक, पलटन बाजार, राजा रोड होते हुए दोपहर करीब ढाई बजे कांग्रेस भवन पर समाप्त हुआ।
ये रहे मुख्य रूप से शामिल
कांग्रेस प्रदेश सह प्रभारी राजेश धर्माणी, प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह, नेता प्रतिपक्ष डा.इंदिरा हृदयेश, पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय, महिला कांग्रेस अध्यक्ष सरिता आर्य, विधायक गोविंद सिंह कुंजवाल, मनोज रावत, आदेश चौहान, ममता राकेश, फुरकान अहमद, करना माहरा, पूर्व विधायक राजकुमार, पूर्व सांसद केसी सिंह बाबा, महेंद्र पाल, एआईसीसी सचिव प्रकाश जोशी, सूर्यकांत धस्माना, जोत सिंह बिष्ट, राज्य आंदोलनकारी सम्मान परिषद के पूर्व अध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप, सुरेंद्र अग्रवाल, महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा, रमेश उनियाल व विभिन्न जिलों से आए कांग्रेस पदाधिकारी।
कांग्रेस ने एकता का परिचय देकर अभूतपूर्व प्रदर्शन किया। अब कांग्रेस की ताकत और अधिक सशक्त रूप से सामने आएगी। - राजेश धर्माणी, सह प्रभारी, प्रदेश कांग्रेस
झारखंड, महाराष्ट्र के बाद अब उत्तराखंड की बारी है। सत्ता में बैठे लोग संविधान को कुचलना चाह रहे हैं। कांग्रेस ऐसा नहीं होने देखी। महंगाई, बेरोजगारी, खेती किसानी आदि के मामले में सरकारें विफल साबित हुई हैं। कांग्रेस जिस तरह से एकजुट होकर सामने आई है, उससे जाहिर है कि 2022 और 2024 में तस्वीर बदलेगी। - प्रीतम सिंह, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष
एनआरसी पर पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के बयान में विरोधाभास है। साफ है कि भाजपा का झूठ अब ज्यादा नहीं चलेगा। - डा.इंदिरा हृदयेश, नेता प्रतिपक्ष
कांग्रेस किसी भी स्थिति में केंद्र और प्रदेश सरकार के मंसूबे सफल नहीं होने देगी। मार्च के जरिए कांग्रेस ने साबित कर दिया है कि प्रदेश में अब और अधिक मजबूत होकर उभरी है। - करना माहरा, उपनेता कांग्रेस विधायक दल
साफ जाहिर हो रहा है कि कांग्रेस 2022 और 2024 के लिए तैयार है। गांव खाली हो रहे हैं, बेरोजगारी बढ़ रही है। महंगाई रुक नहीं रही, इससे लोगों में गुस्सा है। कांग्रेस लोगों के गुस्से को आवाज देने का काम कर रही है। - किशोर उपाध्याय, पूर्व कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष
‘कांग्रेस बचाओ, राहुल लाओ’ रैली
वहीं प्रदेश भाजपा ने कांग्रेस की इस रैली पर तंज करते हुए कहा कि ये ‘कांग्रेस बचाओ, राहुल लाओ’ रैली है। पार्टी ने कहा कि कांग्रेस ने संविधान के साथ बार बार खिलवाड़ किया। अब उसके संविधान बचाओ के नारे पर हैरानी हो रही है और हंसी आ रही है।
यहां जारी एक प्रेस बयान में प्रदेश मीडिया प्रमुख डॉ. देवेंद्र भसीन ने कांग्रेस की आज होने वाली रैली पर कहा कि कांग्रेस ने विभाजन से लेकर 70 साल तक देश का नुकसान किया। अब देश की कांग्रेस से रक्षा करने की आवश्यकता है।
कांग्रेस ने संविधान के साथ जमकर खिलवाड़ किया। उन्होंने आपातकाल से लेकर पूर्ण बहुत की निर्वाचित सरकारों को गिराने के संविधान में अनावश्यक संशोधन के लिए कांग्रेस को गुनाहगार ठहराया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के हाथ संविधान से खिलवाड़ के अपराधों से रंगे हैं।
देहरादून में कांग्रेस का प्रदर्शन आज, तीसरी ‘आंख’ रखेगी नजर
नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में हुई कांग्रेस की रैली को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए। प्रदर्शनकारियों पर तीसरी आंख से नजर रखी गई। आयोजकों को शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करने की हिदायत दी गई है।
शहर के चारों तरफ से आने वाली बसों और दूसरे वाहनों को पार्किंग के अलग-अलग इंतजाम किए गए। प्रदर्शन के दौरान कई मार्गों का यातायात डायवर्ट रहा। सिटी बसाें और विक्रमों के भी रूट बदले गए। एसपी सिटी श्वेता चौबे शुक्रवार को सीओ सिटी शेखर सुयाल को साथ लेकर सुरक्षा प्रबंधों में जुटी रहीं।
छह कंपनी पीएसी के अलावा दो एएसपी, छह सीओ के अलावा लोकल और रेंज स्तर से उपलब्ध पुलिस बल को लगाया गया। थाना प्रभारियों को अपने साथ एक-एक वीडियोग्राफर रखने को कहा गया। हालांकि शहर के तमाम चौराहों पर पुलिस के कैमरे पहले से लगे हुए हैं। एसएसपी अरुण मोहन जोशी ने रात में अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की।