देवभूमि की व्यथा-कथा: लक्ष्मीपुर में नशे पर पहरा, कैमरे की नजर में हर गली-चौराहा
- सहसपुर की ग्राम पंचायत लक्ष्मीपुर की प्रधान निजी संसाधनों से लगवा रहीं सीसी टीवी कैमरे
- 45 कैमरे लगवाए जाने हैं पूरे क्षेत्र में, 42 कैमरे अब तक लगवाए जा चुके हैं
विस्तार
देहरादून के सहसपुर प्रखंड की ग्राम पंचायत लक्ष्मीपुर की महिला प्रधान रूपा देवी ने नशे पर अंकुश लगाने के लिए अपने स्तर से पहल की है। रूपा देवी निजी संसाधनों से ग्राम सभा को सीसीटीवी कैमरों से लैस कर रही हैं। इन दिनों गांव में तेजी से कैमरे लगाने का काम चल रहा है।
लक्ष्मीपुर ग्राम पंचायत की आबादी करीब छह हजार है। मुस्लिम बाहुल्य इस ग्राम पंचायत के अंतर्गत चानचक, इंद्रीपुर, लक्ष्मीपुर और चोरखाला गांव शामिल हैं। ग्राम सभा के सभी 13 वार्डों में करीब 45 कैमरे लगाए जाने हैं।
इन दिनों कैमरे लगाने का काम तेजी से चल रहा है। 42 कैमरे लगाए जा चुके हैं, जबकि हाईवे की साइड के तीन कैमरे लगने बाकी हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि एक सप्ताह में यह काम भी पूरा हो जाएगा।
जिसके बाद पंचायती राज मंत्री अरविंद पांडेय से उद्घाटन कराया जाएगा। प्रधान रूपा देवी के मुताबिक इस काम में पांच लाख रुपये से ऊपर का खर्च आया है। रूपा देवी का कहना है कि इस कार्य के लिए उन्हें अपने देवर नीरज राजपूत से प्रेरणा मिली, नीरज लंबे समय से राजनीति और सामाजिक कार्यों से जुड़े हैं।
इसलिए पड़ी जरूरत
प्रधान रूपा देवी ने बताया कि गांव के युवाओं में चरस, स्मैक और गांजा का प्रचलन तेजी से बढ़ रहा है। नशे की पूर्ति के लिए युवा चोरी जैसी घटनाएं भी कर रहे हैं। कैमरे लगाने से ऐसे युवाओं की निगरानी हो सकेगी।
काफी हद तक खुलेआम हो रहे नशे, नशे की तस्करी और नशे के कारण बढ़ रहे अपराधों पर अंकुश लग सकेगा। अपराध होने की स्थिति में आरोपियों तक पहुंचने में भी मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि कैमरों को थाने से कनेक्ट किया जाएगा ताकि पुलिस हर तरह की गतिविधियों पर नजर रख सके।
ग्राम सभा की पहल सराहनीय है। कैमरों से गांव में असामाजिक तत्वों द्वारा की जाने वाली गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जा सकेगी। काफी हद तक नशे पर भी प्रभावी रोक लग सकेगी।
- राजीव रौथाण, इंस्पेक्टर, थाना सहसपुर