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मोहर्रम पर मिसाल: जमीन पर खून जाया करने के बजाय किया रक्तदान
ब्यूरो/ अमर उजाला, विकासनगर
Updated Thu, 13 Oct 2016 01:46 AM IST
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मोहर्रम पर रक्तदान करते अंजुमन
- फोटो : AmarUjala
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अंबाड़ी के मुस्लिम समुदाय के लोगों ने इस बार भी मोहर्रम पर इंसानियत की मिसाल पेश की। यौम-ए-आशूरा के जुलूस में गम में डूबे सिया समुदाय के लोगों ने जंजीर, कमा और छुरी से खुद को लहूलुहान करने और करबला के शहीदों की याद में खून को जमीन पर गिराकर जाया करने के बजाय जरूरतमंदों के लिए आगे आकर रक्तदान किया।
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मोहर्रम के दिन आईएमए ब्लड बैंक के सहयोग से अंबाड़ी में आयोजित रक्तदान शिविर में 140 लोगों ने रक्तदान कर करबला के शहीदों को याद किया।
अंबाड़ी में बीते चार साल से मोहर्रम के अवसर पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में बुधवार को मोहर्रम पर करबला के शहीदों की याद में अंजुमन-ए-हैदरी कमेटी और बल्ती यूथ फेडरेशन अंबाड़ी की ओर से रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।
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इसमें मुस्लिम समुदाय के लोगों ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया। कमेटी का मानना है कि मोहर्रम के दिन मातम मनाकर खून को जमीन पर गिराकर जाया करने की जगह यदि इसी रक्त से किसी की जान बच जाती है, तो इंसानियत के लिए इससे अच्छा और कुछ नहीं हो सकता है। कमेटी के फिरोज खान ने बताया कि इस बार करबला के शहीदों की याद में 140 अंजुमनों ने रक्तदान किया।
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