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रिमोट कंट्रोल एप से रहें सावधान, ठग कर रहे इस्तेमाल
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सुविधा के लिए बनाए गए रिमोट कंट्रोल मोबाइल एप इन दिनों असुविधा का भी कारण बन रहे हैं। साइबर ठग इनका जमकर इस्तेमाल कर लोगों को करोड़ों का चूना लगा रहे हैं। बीते तीन दिनों में ही एक एप के माध्यम से ठगों ने लोगों से 30 लाख रुपये से ज्यादा ठग लिए।
यदि आप भी ऐसा कोई एप (जैसे एनी डेस्क) इस्तेमाल कर रहे हैं तो जरा सावधान हो जाइए। एप के बारे में पूरी जानकारी लें, इसके बाद ही इसका इस्तेेमाल करें। एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने बताया कि इन दिनों इस तरह के एप से ठगी के मामले बढ़ रहे हैं। ठग लोगों को फोन करते हैं और इस तरह का कोई एप डाउनलोड करने को कहते हैं। इसके बाद कोड पता कर सारे मोबाइल का कंट्रोल अपने हाथ में ले लेते हैं।
केस...1
दून निवासी व्यक्ति को एक मैसेज आया कि उनके मोबाइल का केवाईसी पूरा नहीं हुआ है। लिहाजा, उनका फोन बंद होने वाला है। नंबर आधार से लिंक करने के लिए एक मोबाइल नंबर पर कॉल करने को भी लिखा गया था। व्यक्ति ने उस नंबर पर कॉल लिया। फोन उठाने वाले ने व्यक्ति को एनी डेस्क एप डाउनलोड करने के लिए कहा। व्यक्ति ने एप डाउनालोड किया और ठग ने मोबाइल का कंट्रोल अपने हाथों में ले लिया। एटीएम कार्ड आदि की जानकारी हासिल कर उनके खाते से लगभग 17 लाख रुपये निकाल लिए। मामले में साइबर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
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केस...2
एक व्यक्ति को मैसेज आया कि उनके सिम की वैधता समाप्त होने वाली है। सहायता के लिए एक मोबाइल नंबर भी दिया। इस ठग ने भी इसी तरह एनी डेस्क डाउनलोड कराया और 11 रुपये का रिजार्च करने के लिए एटीएम कार्ड नंबर आदि मांग लिए। कुछ देर बाद उनके खाते से लगभग छह लाख रुपये कट गए।
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यदि आप भी ऐसा कोई एप (जैसे एनी डेस्क) इस्तेमाल कर रहे हैं तो जरा सावधान हो जाइए। एप के बारे में पूरी जानकारी लें, इसके बाद ही इसका इस्तेेमाल करें। एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने बताया कि इन दिनों इस तरह के एप से ठगी के मामले बढ़ रहे हैं। ठग लोगों को फोन करते हैं और इस तरह का कोई एप डाउनलोड करने को कहते हैं। इसके बाद कोड पता कर सारे मोबाइल का कंट्रोल अपने हाथ में ले लेते हैं।
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केस...1
दून निवासी व्यक्ति को एक मैसेज आया कि उनके मोबाइल का केवाईसी पूरा नहीं हुआ है। लिहाजा, उनका फोन बंद होने वाला है। नंबर आधार से लिंक करने के लिए एक मोबाइल नंबर पर कॉल करने को भी लिखा गया था। व्यक्ति ने उस नंबर पर कॉल लिया। फोन उठाने वाले ने व्यक्ति को एनी डेस्क एप डाउनलोड करने के लिए कहा। व्यक्ति ने एप डाउनालोड किया और ठग ने मोबाइल का कंट्रोल अपने हाथों में ले लिया। एटीएम कार्ड आदि की जानकारी हासिल कर उनके खाते से लगभग 17 लाख रुपये निकाल लिए। मामले में साइबर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
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केस...2
एक व्यक्ति को मैसेज आया कि उनके सिम की वैधता समाप्त होने वाली है। सहायता के लिए एक मोबाइल नंबर भी दिया। इस ठग ने भी इसी तरह एनी डेस्क डाउनलोड कराया और 11 रुपये का रिजार्च करने के लिए एटीएम कार्ड नंबर आदि मांग लिए। कुछ देर बाद उनके खाते से लगभग छह लाख रुपये कट गए।